सलूंबर जिले में स्वास्थ्य सेवाओं को ज्यादा पारदर्शी और जवाबदेह बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। जिला कलेक्टर अवधेश मीणा ने मंगलवार को ‘नागरिक अधिकार पत्र’ (सिटीजन चार्टर) का विधिवत विमोचन किया। यह चार्टर जिले के सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिर-उपस्वास्थ्य केंद्रों (AAM-SHC) पर प्रमुख जगहों पर प्रदर्शित किया जाएगा। अधिकार पत्र से मिलेगी स्वास्थ्य सेवाओं की सभी जानकारी इस अधिकार पत्र का उद्देश्य आमजन को अपने क्षेत्र में उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं की स्पष्ट और प्रामाणिक जानकारी प्रदान करना है। कलेक्टर मीणा ने बताया कि इसमें आयुष्मान आरोग्य मंदिरों के कार्यक्षेत्र, तैनात कार्मिकों, उपलब्ध स्वास्थ्य सेवाओं, सेवा मानकों, नागरिकों के अधिकारों और कर्तव्यों का विस्तार से उल्लेख किया गया है। आयुष्मान भारत कार्यक्रम के तहत सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों पर नागरिक अधिकार पत्र प्रदर्शित करना अनिवार्य है। सलूंबर जिले ने आईआईएम उदयपुर की EQUIP-HWC परियोजना टीम के सहयोग से इसे तीन भागों में विभाजित किया है, ताकि आमजन इसे आसानी से पढ़ और समझ सकें। टेलीफोन नंबर, क्यूआर कोड भी शामिल इसमें स्वास्थ्य सेवाओं पर प्रतिक्रिया दर्ज कराने के लिए एक टेलीफोन नंबर और क्यूआर कोड भी शामिल किया गया है। नागरिक अब दिए गए नंबर पर कॉल कर या क्यूआर कोड स्कैन कर सीधे अपनी शिकायत, सुझाव या प्रतिक्रिया दर्ज कर सकेंगे। यह व्यवस्था स्वास्थ्य सेवाओं में निरंतर सुधार, पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने में अहम भूमिका निभाएगी। विमोचन कार्यक्रम के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. महेंद्र परमार, प्रमुख चिकित्सा अधिकारी डॉ. राजेश दोषी एवं EQUIP-HWC परियोजना के प्रतिनिधि मौजूद रहे। डॉ. महेंद्र परमार ने जानकारी दी कि जिला स्तर पर जल्द ही नागरिक अधिकार पत्र का मुद्रण करवाकर जिले के सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिर-उपस्वास्थ्य केंद्रों पर इसे अनिवार्य रूप से लगवाया जाएगा।


