इंदौर में आवारा कुत्तों की शिकायत करना अरबिंदो अस्पताल के असिस्टेंट मैनेजर को भारी पड़ गया। यहां असिस्टेंट मैनेजर डॉ. नीरज ने अस्पताल परिसर में घूम रहे स्ट्रीट डॉग को लेकर नगर निगम की रेस्क्यू टीम को कई बार शिकायत की थी लेकिन टीम नहीं पहुंची। इस पर उन्होंने अपने सफाई कर्मी स्टाफ से चार कुत्तों को पकड़कर शेल्टर होम भेज दिया। इसके बाद मामला उन्हें यूएसए से एक युवक ने फोन कर धमकी दे डाली। इस बातचीत का ऑडियो अब सामने आया है, जिसमें धमकी साफ सुनी जा सकती है। उसने खुद को अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के गैंग से जुड़ा बताया। फोन कॉल के दौरान आरोपी ने कहा कि ‘दाऊदजी एक बार बोलते हैं तो बात समझ में आ जानी चाहिए। तुम्हारी उम्र कितनी है, शादी हो गई होगी, बच्चे भी होंगे।’ रेस्क्यू के बाद बढ़ा विवाद बताया गया है कि अस्पताल परिसर में डॉग बाइट की बढ़ती घटनाओं से परेशान होकर मैनेजर नीरज ने कदम उठाया था। उनका कहना है कि जब 14 फरवरी को चार कुत्तों को पकड़कर जीपीओ स्थित शेल्टर होम ले गए तो वहां एक एनजीओ की मैडम ने वीडियो बनाया और इस कदम पर आपत्ति ली। इस पर शेल्टर होम ने चार कुत्तों को रखने से मना कर दिया तो उन्हें फिर वे अस्पताल परिसर में ले आए। इसके बाद 16 फरवरी को दाउद इब्राहिम के नाम से मोबाइल पर धमकी मिली। पुलिस ने शुरू की जांच मामले की सूचना मिलते ही पुलिस सक्रिय हो गई। मैनेजर की शिकायत पर अज्ञात आरोपी के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर लिया है। उसकी पहचान की जा रही है। पुलिस की प्रारंभिक जांच में कॉल को फर्जी और डराने के उद्देश्य से करना बताया जा रहा है। हालांकि सभी पहलुओं की गंभीरता से पड़ताल की जा रही है। एडिशनल डीसीपी रामसनेही मिश्रा ने बताया कि मामले की हर एंगल से जांच की जा रही है और जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर लिया जाएगा। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि कॉल करने वाले का किसी आपराधिक गिरोह से वास्तविक संबंध है या नहीं। शहर में चर्चा का विषय घटना के बाद इंदौर में यह मामला चर्चा का विषय बन गया है। एक ओर जहां आवारा कुत्तों की समस्या से लोग परेशान हैं, वहीं शिकायत करने पर धमकी मिलने जैसी घटनाओं ने सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं।


