भास्कर न्यूज |लुधियाना संयुक्त किसान मोर्चा, विभिन्न ट्रेड यूनियनों और जनवादी संगठनों की संयुक्त बैठक शहीद करनैल सिंह ईसड़ू भवन में देवराज और रणवीर सिंह रुड़का की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में 22 फरवरी को लुधियाना स्थित भारतीय जनता पार्टी के कार्यालय के बाहर विशाल एकत्रीकरण कर धरना और रोष प्रदर्शन करने का निर्णय लिया गया। बैठक में केंद्र की भाजपा सरकार द्वारा लागू की जा रही नीतियों के खिलाफ आवाज बुलंद करने का फैसला लिया गया। नेताओं ने मनरेगा कानून में बदलाव, चार लेबर कोड लागू करने, अमेरिका-भारत कर मुक्त व्यापार समझौते, बिजली संशोधन बिल और बीज बिल को पेश करने की कोशिशों का विरोध किया। उनका कहना था कि ये नीतियां किसानों, मजदूरों और आम जनता के हितों के खिलाफ हैं। इसके अलावा आम आदमी पार्टी की पंजाब सरकार की चुप्पी के विरोध में खन्ना में मंत्री तरुणप्रीत सिंह सौद तथा जगराओं से विधायक सरबजीत मानूके के कार्यालयों के बाहर भी धरना देने की घोषणा की गई। बैठक में प्रदर्शन की तैयारियों और प्रबंधों पर विस्तार से चर्चा कर अंतिम रूप दिया गया। नेताओं ने स्पष्ट किया कि जब तक सरकार नीतियों को वापस नहीं लेती, तब तक संघर्ष जारी रहेगा। बैठक में जमहूरी किसान सभा पंजाब, भारतीय किसान यूनियन एकता (उगराहां), भारतीय किसान यूनियन एकता डकौदा (धनेर), भारतीय किसान यूनियन (लखोवाल), ऑल इंडिया किसान सभा (1936), सीटू पंजाब, एटक, पेंशनर एसोसिएशन, जमहूरी अधिकार सभा, पावरकॉम एवं ट्रांसको ठेका मुलाजिम यूनियन, टेक्निकल सर्विस यूनियन, मोल्डर एंड स्टील वर्कर यूनियन, वेरका आउटसोर्स कर्मचारी यूनियन और पावरकॉम पेंशनर यूनियन सहित कई संगठनों के नेता मौजूद रहे। संयुक्त किसान मोर्चा, विभिन्न ट्रेड यूनियनों और जनवादी संगठनों की बैठक।


