भास्कर न्यूज | अमृतसर जेईई मेन में अमृतसर के स्टूडेंट्स ने शानदार प्रदर्शन किया है। 300 अंकों की परीक्षा में शहर के कार्तिकेय काकड़िया ने 99.86 पर्सेंटाइल, जफरजोत ने 99.83 और दिवजोत सिंह ने 99.77 पर्सेंटाइल हासिल कर जिले में टॉप स्थान प्राप्त किए हैं। तीनों स्टूडेंट्स का सक्सेस मंत्र साफ है ” दिमाग को वर्तमान में रखो, तभी भविष्य संवरेगा।’ स्टूडेंट्स का कहना है कि यदि भविष्य संवारना है तो मोबाइल और सोशल मीडिया से दूरी बनाकर अपने लक्ष्य पर फोकस करना जरूरी है। तीनों ने कहा कि उन्होंने पढ़ाई के दौरान मोबाइल का न्यूनतम इस्तेमाल किया और तय लक्ष्य के लिए लगातार मेहनत की। स्प्रिंग डेल स्कूल के स्टूडेंट जफरजोत ने 99.83 पर्सेंटाइल के साथ जिले में दूसरा स्थान प्राप्त किया। उन्होंने बताया कि रोजाना 20 घंटे तक पढ़ाई करते रहे और यह सिलसिला अभी भी जारी है। उनका ध्यान अब सीबीएसई बोर्ड परीक्षाओं पर भी है। जफरजोत का सपना देश के प्रतिष्ठित संस्थान इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी बॉम्बे में दाखिला लेकर इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग में करिअर बनाने का है। अपनी सफलता का श्रेय परिवार और शिक्षकों के सहयोग को देते हैं। डीएवी इंटरनेशनल स्कूल के छात्र कार्तिकेय काकड़िया ने 99.86 पर्सेंटाइल के साथ शहर में पहला स्थान हासिल किया। कार्तिकेय ने बताया कि उन्होंने अपनी सफलता का श्रेय सेल्फ स्टडी और नियमित अभ्यास को दिया है। कार्तिकेय रोजाना करीब 12 घंटे पढ़ाई करते रहे। कार्तिकेय ने 10वीं कक्षा में 94.4 प्रतिशत अंक हासिल किए थे। उनकी माता डीएवी इंटरनेशनल स्कूल में अध्यापिका हैं, जबकि पिता व्यवसायी हैं। पढ़ाई के साथ-साथ उन्हें इतिहास पढ़ने का शौक है। उनका लक्ष्य स्पष्ट है कि बीएससी फिजिक्स में रिसर्च करना चाहते हैं । स्प्रिंग डेल स्कूल के ही दिवजोत सिंह ने 99.77 पर्सेंटाइल हासिल कर जिले में तीसरा स्थान प्राप्त किया। दिवजोत 10वीं कक्षा में 99.2 प्रतिशत अंक हासिल कर चुके हैं। आगे चलकर इलेक्ट्रिकल या कंप्यूटर साइंस में अपना करिअर बनाना चाहते हैं। दिवजोत की माता डॉ. अमनप्रीत कौर श्री गुरु रामदास अस्पताल में प्रोफेसर हैं, जबकि पिता डॉ. जगदीप सिंह फोर्टिस अस्पताल में डॉक्टर हैं। दिवजोत ने कहा कि परिवार के मार्गदर्शन और शिक्षकों के समर्थन ने उन्हें निरंतर बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित किया।


