भास्कर न्यूज | अमृतसर निगम कमिश्नर बिक्रमजीत सिंह शेरगिल की सख्ती पर सकत्तरी बाग में 4 सालों से चला आ रहा निहंगों का अवैध कब्जा मंगलवार को हटवा दिया गया। दरअसल, साल-2021 से निगम की करीब 350 स्कवेयर यार्ड जगह पर निहंग सिंहों ने टेंट लगाकर अवैध कब्जा किया हुआ था। पहले भी कई बार निहंग सिंहों को जगह खाली करने के लिए कहा गया पर नहीं माने। जिसके बाद कमिश्नर ने जॉइंट कमिश्नर जय इंद्र को सख्त आदेश दिया कि कब्जा खाली कराया जाए। जिस पर उन्होंने एस्टेट अफसर सुशांत भाटिया के नेतृत्व में टीम गठित की। वहीं, एस्टेट विभाग की टीम के अलावा नायब तहसीलदार कम ड्यूटी मजिस्ट्रेट दर्शन सिंह, एडीसीपी हरपाल सिंह, एसीपी परवेश चोपड़ा, एसएचओ राजविंदर कौर सुबह करीब 7 बजे मौके पर पुलिस फोर्स के साथ कब्जा खाली कराने पहुंचे। निहंग सिंहों से काफी देर तक वार्ता चलती रही। पहले तो वह मानने को तैयार नहीं थे। इस बीच कांग्रेस का एक पार्षद भी मौके पर पहुंच गया और बचाव करने लगा। हांलाकि, टीम की सख्ती के आगे उसकी एक नहीं चली। 5 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद निहंग कब्जा शांतिपूर्वक खाली करने को तैयार हो गए। वहीं, निगम द्वारा कोई संपत्ति जब्त नहीं की गई। दोपहर करीब 12 बजे टीम वापस लौटी। इसके साथ ही गिलवाली गेट की ओर जाने वाली सड़क पर अवैध रूप से अस्थायी संपत्तियों पर कब्जा करने वाले व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की गई और कब्जाधारियों के सामान को जब्त कर नगर निगम के भंडार में जमा कर दिया गया। निगम अफसरों ने चेताया कि दोबारा से अवैध कब्जा नहीं करें। कमिश्नर ने अपील की कि शहर में अवैध अतिक्रमण न करें। अन्यथा नगर निगम अधिनियम 1976 के अनुसार उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस मौके पर इंस्पेक्टर अमन शर्मा, संजय बावा, प्रणव कुमार, राजीव मेहता आदि मौजूद थे।


