बाड़मेर विधायक डॉ. प्रियंका चौधरी ने सुअरों से परेशान किसानों का मुद्दा विधानसभा में उठाया। विधायक ने कहा- बाड़मेर, जैसलमेर, बालोतरा और पाली में सुअरों से किसान परेशान है। किसान बड़ी मेहनत से खेती करता है। लेकिन जंगली सुअरों का आतंक इतना ज्यादा है। वो हजारों की झूंड में रात में निकलते है। पूरे-पूरे खेत को तबाह करते है। तारबंदी की सुविधा सरकारों ने दी। लेकिन तारबंदी का कोई असर नहीं है। तारबंदी में हल्का सा करंट का झटका भी लगाते है सुअरों पर फर्क नहीं पड़ता है। उससे बकरी और बच्चों पर असर पड़ता है। विधायक ने कहा- किसानों की इतनी बड़ी समस्या है। ग्रामीण इलाकों में लोग, महिलाएं घरों से बाहर निकलने से डरते है। सुअर फसलों और खेतों का नुकसान के साथ-साथ लोगों को भी बहुत बड़ा खतरा है। दिसंबर में पाली में किसान की सुअर के हमले से मौत हो गई थी। बुजुर्ग महिलाएं खेतों में जाती है जंगली सुअर काट देती है। विधायक ने सरकार से आग्रह करते हुए कहा- जंगली सुअर और नील गाय से किसान खेतों और फसलों को नहीं बचा पाते है। उसमें कोई स्पष्ट नीति बनाई जाए। वन विभाग जंगली सुअरों से किसानों की समस्या से छुटकारा मिल सकें। फसलें एक रात में सुअर खराब कर देते है। उन किसानों को भी अनुदान या सहायता देने की कोई नीति बनाई जाए।


