नागौर जिले के कुड़छी गांव में पिछले दो दिनों से लापता एक नाबालिग लड़के की हत्या का सनसनीखेज मामला सामने आया है। शुक्रवार को पुलिस ने गांव की सरहद से बालक का शव बरामद किया। दिल दहला देने वाली बात यह है कि हत्या का आरोप मृतक के रिश्ते में लगने वाले बड़े भाई पर ही लगा है, जिसने पुरानी रंजिश के चलते इस जघन्य अपराध को अंजाम दिया। पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया है, जिसने पूछताछ के दौरान अपना जुर्म कबूल कर लिया है। जानकारी के अनुसार 12 वर्षीय पोकरराम 19 फरवरी को लापता हुआ था।
सीसीटीवी फुटेज से खुला हत्या का राज बच्चे के गायब होने के बाद से ही परिजन और ग्रामीण उसकी तलाश में जुटे थे। मामले की गंभीरता को देखते हुए खींवसर पुलिस ने जब गांव में लगे सीसीटीवी कैमरों की जांच की, तो उसमें एक संदिग्ध युवक नजर आया जो रिश्ते में मृतक का भाई लगता है। पुलिस ने संदेह के आधार पर उसे हिरासत में लेकर जब सख्ती से पूछताछ की, तो वह टूट गया और उसने रस्सी से गला घोंटकर हत्या करने की बात स्वीकार की। आरोपी की निशानदेही पर ही पुलिस गांव के सुनसान इलाके में पहुंची और झाड़ियों से शव को बरामद कर जिला अस्पताल की मोर्चरी पहुंचाया।
आक्रोशित ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन, मुआवजे की मांग पुलिस की कथित ढिलाई और बच्चे के लापता होने से नाराज ग्रामीणों ने आज सुबह से ही कुड़छी कस्बे के बाजार बंद रखकर कड़ा विरोध प्रदर्शन किया। जैसे ही हत्या की खबर फैली, गांव में तनाव और शोक का माहौल व्याप्त हो गया। मोर्चरी के बाहर बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए और पीड़ित परिवार के लिए न्याय की मांग करने लगे। परिजनों और ग्रामीणों ने प्रशासन के सामने एक करोड़ रुपये का मुआवजा देने और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी देने की मांग रखी है।हालांकि पुलिस प्रशासन की समझाईस के बाद परिजनों ने धरना समाप्त कर दिया है। साथ ही शव का पोस्टमार्टम कर परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया है।
एफएसएल टीम ने जुटाए साक्ष्य घटना की सूचना मिलते ही नागौर से एफएसएल (FSL) की टीम भी मौके पर पहुंची। विशेषज्ञों ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए ताकि आरोपी को कड़ी सजा दिलाई जा सके। फिलहाल पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की गहनता से जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंपा जाएगा।


