सवाई माधोपुर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा छोटे बच्चों कि गृह आधारित देखभाल के लिए पांच दिवसीय आवासीय प्रशिक्षण आयोजित किया गया। शुक्रवार को प्रशिक्षण पूर्ण करने वाली आशा सहयोगिनियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. अनिल कुमार जेमिनी ने बताया कि आशाओं को विभिन्न बेच में प्रशिक्षण दिया जा रहा है ताकि स्वास्थ्य सेवाओं में और सुधार हो सके। बच्चो के लिए गृह आधारित देखभाल प्रशिक्षण में पोषण, स्वास्थ्य, आरंभिक बाल विकास, जल स्वच्छता, व्यक्तिगत साफ सफाई सम्बन्धी विषयों की जानकारी दी गई। नवजात शिशु कि गृह आधारित देखभाल के अंतर्गत आशा द्वारा नवजात शिशु के लिए घर पर भ्रमण किया जाता है। गृह आधारित देखभाल कार्यक्रम का परिचय व औचित्य, छोटे बच्चों की गृह आधारित देखभाल में आशा की भूमिका व दायित्व, गृह भ्रमण की योजना, छह माह तक केवल स्तनपान, पूरक आहार, आयरन फोलिक एसिड संपूरण, परिवार नियोजन, बच्चों का सम्पूर्ण टीकाकरण, वृद्धि निगरानी, गृह भ्रमण के दौरान बीमार बच्चो का प्रबंधन, समुदाय स्तर पर निमोनिया का प्रबंधन, आरंभिक बाल विकास, जल स्वच्छता एवं व्यक्तिगत साफ सफाई प्रशिक्षण में 0 से 42 दिवस के बीच नवजात शिशु की गृह आधारित देखभाल, नवजात शिशु व माता में खतरे के लक्षण पहचान कर उन्हें शीघ्र इलाज के लिए रेफर करना, गृह आधारित भेंट के लिए आशा डायरी, एचबीएनसी, एचबीवायसी कार्ड्स, किट, दवा किट, ममता कार्ड साथ रखना, गृह भेंट के समय किये जाने वाले मुख्य कार्य व संदेश, चैकलिस्ट भरना, मां को स्वास्थ्य सम्बन्धी सलाह देना, नवजात का वजन, तापमान लेना, खतरे के लक्षणों की पहचान करना, शिशु को गरम रखने के उपाय बताना, छह माह तक केवल स्तनपान, उसके बाद पूरक आहार देना, पोषक तत्वों से भरपूर भोजन लेने, पूरक आहार की मात्रा और समय, भोजन बनाने का तरीका, बच्चे के साथ खेलना, संवाद करना, समय से सारे टीके लगने की जांच, बच्चे के विकास कि निगरानी करना, हाथ धोने का तरीका, मां को ओआरएस बनाने की विधि बताना, दस्त होने पर सावधानी, जुकाम खांसी होने पर सावधानियां, खतरे के लक्षणों की जानकारी, बच्चे कि सुरक्षा सम्बन्धित उपायों के बारे में सलाह, परिवार नियोजन की सलाह + सवाईमाधोपुर। आशा सहयोगिनियों को प्रमाण पत्र वितरित करते अधिकारी।


