जोधपुर के राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय एनएलयू का 17 व दीक्षांत समारोह आज हुआ। समारोह में 181 उपाधियों का वितरण किया गया। जिसमें स्नातक के 118, स्नातकोतर के 45 व MBA के 11 और 9 शोधार्थियों को डिग्री प्रदान की गई। इसके अलावा यूनिवर्सिटी के 25 विद्यार्थियों को विभिन्न श्रेणियां में स्वाद पदक भी दिए गए। समझ में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने विद्यार्थियों को डिग्री वितरित की। कार्यक्रम में राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा विद्यार्थी देश और प्रदेश का उज्ज्वल भविष्य है। विद्यार्थी अपनी डिग्री को अपनी उपलब्धि के साथ ही एक जिम्मेदारी भी समझें। देश ओर समाज में न्याय की रक्षा और न्याय के प्रसार के लिए काम करना है। उन्होंने कहा कि हम मानते हैं कि जब तक हमारी व्यक्ति समाज के प्रति संवेदनाएं नहीं होगी तब तक हम ठीक प्रकार से काम नहीं कर पाएंगे। हमारी न्याय व्यवस्था के मूल में यही था कि किसी के भी साथ अन्याय नहीं हो। केंद्र सरकार नए आपराधिक कानून लेकर आई। जिससे आपराधिक न्याय प्रणाली को बहुत अधिक पारदर्शी बनाकर पीड़ितों को शीघ्र न्याय दिलाने की व्यवस्था कीगई है। हमारी सरकार देश में गुणवत्तापूर्व शिक्षा के लिए काम कर रही है। सरकार के पांच साल के कार्यकाल में दस लाख रोजगार पांच साल में देने के संकल्प पर आगे बढ़ रहे हैं। कार्यक्रम की अध्यक्षता राजस्थान उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश एवं कुलपति न्यायमूर्ति MM श्रीवास्तव ने की। वहीं विशिष्ट अतिथि के रूप में सुप्रीम कोर्ट के जस्टिस संदीप मेहता, प्रदेश के संसदीय कार्य विधि एवं विधिक कार्यमंत्री जोगाराम पटेल भी शामिल हुए।


