छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर एक बार फिर नवाचार के कारण राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा में है। यहां के अधिवक्ता विवेक सारस्वत द्वारा विकसित ‘GST Based AI Bot Vivek’ आज भारत ही नहीं, बल्कि विदेशों में भी भारतीय टैक्स सिस्टम को समझने का भरोसेमंद माध्यम बन गया है। मध्य भारत की प्रतिष्ठित टैक्स लॉ फर्म सारस्वत एसोसिएट्स के विशेषज्ञ वकीलों द्वारा प्रशिक्षित इस एआई बॉट को खास तौर पर जीएसटी की जटिलताओं को सरल बनाने के लिए तैयार किया गया है। इसकी खासियत यह है कि यह केवल इंटरनेट से सामान्य जानकारी नहीं उठाता, बल्कि कानून की गहरी समझ के साथ सटीक और व्यावहारिक जवाब देता है। रिपोर्ट के मुताबिक, इस बॉट का उपयोग मुंबई, दिल्ली और कोलकाता जैसे बड़े व्यापारिक शहरों में चार्टर्ड अकाउंटेंट्स और टैक्स प्रोफेशनल्स तेजी से कर रहे हैं। वहीं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अमेरिका, चीन और सिंगापुर के व्यापारी भारतीय जीएसटी नियमों को समझने के लिए इस ‘मेड इन रायपुर’ बॉट का सहारा ले रहे हैं। गूगल के आंकड़ों के अनुसार, लॉन्च के आठ महीनों के भीतर करीब 62 हजार एक्टिव यूजर्स इस प्लेटफॉर्म से जुड़े हैं, जबकि लगभग चार लाख लोगों ने इसे एक्सेस किया है। वेबसाइट पर रेट फाइंडर, एचएसएन कोड सर्च और जीएसटी से जुड़े अधिनियम, नियम व सर्कुलर का विस्तृत डेटाबेस उपलब्ध है। विवेक सारस्वत ने इस पूरी सेवा को आम लोगों के लिए निःशुल्क रखा है। उनका मानना है कि ज्ञान सबके लिए सुलभ होना चाहिए। रायपुर से शुरू हुई यह पहल आज छत्तीसगढ़ के लिए गर्व और डिजिटल नवाचार का प्रतीक बन चुकी है।


