सिटी रिपोर्टर| बिलासपुर छत्तीसगढ़ सिविल जज (व्यवहार न्यायाधीश वर्ग-2) परीक्षा में डॉ. सीवी. रमन विश्वविद्यालय के विधि विभाग की पांच छात्राओं ने बाजी मारी है। इनमें से चार का चयन मुख्य सूची में हुआ है, वहीं एक छात्रा ने वेटिंग लिस्ट में स्थान बनाया है। चयनित छात्रों में तृप्ति अग्रवाल, अंजु पात्रे, अश्वीन खाका और डिप्पल अजगल्ले का नाम मुख्य सूची में शामिल है। इसके साथ ही प्रगति उपाध्याय का नाम वेटिंग लिस्ट में आया है। छात्रों की इस उपलब्धि पर विवि कैंपस में उत्साह का माहौल है। छात्रों की सफलता पर कुलपति प्रो. प्रदीप कुमार घोष ने कहा यह सफलता केवल एक पद पाना नहीं, बल्कि संविधान के मूल्यों की रक्षा की जिम्मेदारी है। मुझे विश्वास है कि हमारे छात्र समाज में निष्पक्ष न्याय व्यवस्था को सुदृढ़ करेंगे। कुलसचिव डॉ. अरविंद कुमार तिवारी ने कहा कि स्पष्ट लक्ष्य और सतत प्रयास का ही यह सुखद परिणाम है। विवि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए हमेशा प्रतिबद्ध है। विधि विभाग के अनुसार, छात्रों की इस सफलता के पीछे उनकी कड़ी मेहनत के साथ ही विवि का विशेष मार्गदर्शन भी रहा। विभाग द्वारा न्यायिक सेवा की तैयारी के लिए छात्रों को शुरू से ही विशेष कोचिंग और मॉक टेस्ट दिए गए। केस स्टडी का गहन विश्लेषण कराया गया। इसके अलावा साक्षात्कार के लिए विशेष ट्रेनिंग सत्र आयोजित किया गया। {अश्वीन खाका: अनुशासित शैक्षणिक वातावरण ने मेरी तैयारी को नई दिशा दी। {डिप्पल अजगल्ले: यहां हमने केवल कानून नहीं पढ़ा, न्याय के मूल्यों को समझा। है। { तृप्ति अग्रवाल: विवि ने मुझे विधिक ज्ञान के साथ लक्ष्य के प्रति दृढ़ता सिखाई। {अंजु पात्रे: “शिक्षकों के सतत मार्गदर्शन के बिना यह संभव नहीं था।


