मध्य प्रदेश विधानसभा के बजट सत्र का आज छठवां दिन है। इस दौरान सदन में बोलते हुए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि सरकार ने सरसों पर भी भावांतर योजना लागू करने का फैसला लिया है, जिससे किसानों को न्यूनतम मूल्य का लाभ मिल सके और बाजार भाव कम होने की स्थिति में उन्हें नुकसान न उठाना पड़े। सीएम ने ये भी कहा कि मूंग की बजाय उड़द के उत्पादन पर हमारा फोकस है। इसीलिए बोनस देने का फैसला किया है। सरकार किसान को ऊर्जा दाता बनाने के लिए भी संकल्पित है कार्यवाही शुरू होने से पहले कांग्रेस विधायकों ने इंडिया–यूएस फ्री ट्रेड एग्रीमेंट के विरोध में विधानसभा परिसर के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान कुछ विधायक अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मुखौटे पहनकर विरोध जताते नजर आए। वहीं, भोपाल के गांधी मेडिकल कॉलेज की छात्रा की संदिग्ध हालात में मौत का मामला भी कांग्रेस के विधायकों ने सदन में उठाया। विधायकों ने मामले की सीबीआई जांच की मांग की। लाड़ली बहना के नए रजिस्ट्रेशन को लेकर हंगामा लाड़ली बहना योजना के नए पंजीयन को लेकर सदन में जोरदार हंगामा हुआ। कांग्रेस विधायक महेश परमार ने सवाल उठाया कि योजना के तहत पात्र नई बहनों का पंजीयन कब शुरू होगा, इस बारे में सरकार कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दे रही है। इस पर भाजपा विधायक रामेश्वर शर्मा ने पलटवार करते हुए कहा कि मंत्री तो सही जवाब दे रहे हैं, लेकिन पहले यह बताया जाए कि कांग्रेस नेता जीतू पटवारी बहनों से क्या कह रहे हैं। महिला एवं बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने कहा कि जो महिलाएं 60 वर्ष की आयु पूरी कर लेती हैं, उन्हें पात्रता के आधार पर अन्य योजनाओं का लाभ दिया जाता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नए पंजीयन की कोई समय-सीमा अभी बताना संभव नहीं है। नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने भी नए पंजीयन की समय-सीमा तय करने की मांग की। मंत्री ने दोहराया कि फिलहाल इसकी कोई समय-सीमा निर्धारित नहीं की जा सकती। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने इस पर कहा- मंत्री ने सही जवाब दिया है। कांग्रेस के लोग कहते थे कि यह योजना सिर्फ चुनाव तक है, जबकि असलियत यह है कि ढाई साल बाद भी यह योजना जारी है। हमने घोषणा पत्र में कहा है कि 5 साल के अंदर ₹3000 देंगे तो हम उसका पालन करेंगे। नेता प्रतिपक्ष सिंघार ने पूछा- नए पंजीयन कब शुरू होंगे। इस पर मुख्यमंत्री ने कहा- धीरे-धीरे सब होगा। इसके बाद सिंघार ने कहा कि क्योंकि सरकार जवाब नहीं देना चाहती है, इसलिए कांग्रेस विधायक वॉकआउट करते हैं। इसके बाद नारेबाजी करते हुए कांग्रेस विधायक सदन से बाहर निकल गए। देखिए कांग्रेस विधायकों के प्रदर्शन की 4 तस्वीरें… मेडिकल छात्रा की मौत का मामला सदन में उठा कांग्रेस विधायक सेना महेश पटेल ने गांधी मेडिकल कॉलेज, भोपाल में एमबीबीएस की एक छात्रा की संदिग्ध हालात में हुई मौत का मामला सदन में उठाया। इसके जवाब में राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने बताया कि छात्रा की मौत जहर के सेवन से हुई है। उसके शरीर पर किसी भी तरह की चोट के निशान नहीं पाए गए हैं। मंत्री बोले- जांच में मामला आत्महत्या का पाया गया मंत्री पटेल ने कहा कि जांच में सामने आया है कि घटना के समय कमरे का दरवाजा अंदर से बंद था। छात्रा के मोबाइल की भी जांच की गई, जिसमें उसने लिखा था कि वह जो पढ़ाई कर रही थी, वह उसे समझ में नहीं आ रही थी। घटनास्थल से फिनायल की एक बोतल बरामद की गई, जिसे जब्त कर जांच के दायरे में लिया गया है। अब तक की जांच में यह मामला आत्महत्या का पाया गया है और हत्या के कोई साक्ष्य सामने नहीं आए हैं। CBI जांच की मांग, MLA ने आंदोलन की चेतावनी दी कांग्रेस विधायक सेना महेश पटेल ने इस मामले की सीबीआई जांच की मांग की। उन्होंने आरोप लगाया कि परिजनों को सूचना दिए बिना ही छात्रा का पोस्टमॉर्टम कराया गया। साथ ही दोषियों पर एफआईआर दर्ज करने की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि ऐसा नहीं किया गया तो आदिवासी समाज आंदोलन करेगा। मंत्री बोले- परिवार को दी थी सूचना, SIT जांच कर रही इस पर राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह कहना गलत है कि परिवार को सूचना नहीं दी गई। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट पर छात्रा के माता-पिता के हस्ताक्षर मौजूद हैं। मंत्री ने बताया- मामले की जांच के लिए एसआईटी गठित की गई है, जिसमें डीएसपी, टीआई और सब-इंस्पेक्टर स्तर की तीन महिला अधिकारी शामिल हैं। भोपाल में बाथरूम में मिला था MBBS छात्रा का शव भोपाल में एमबीबीएस छात्रा की संदिग्ध हालात में मौत हो गई। गांधी मेडिकल कॉलेज की छात्रा रोशनी का शव बाथरूम में पड़ा था। पास ही एसिड की बोतल भी मिली है। रोशनी ने पिछले साल ही अक्टूबर में एमबीबीएस फर्स्ट ईयर में एडमिशन लिया था। पढ़ें पूरी खबर…


