बाड़मेर में इस बार 3 की बजाय 2 दिवसीय थार महोत्सव का आयोजन होगा। इसको लेकर मंगलवार को जिला प्रशासन और समाजसेवियों ने मीटिंग की। इसमें अलग-अलग संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों और स्वंयसेवी संस्थाओं से सुझाव लिए गए। जिला कलेक्टर ने प्रशासनिक अधिकारियों को तैयारियां शुरू करने निर्देश दिए है। कलेक्टर ने कहा कि स्थानीय लोक कलाकारों को महोत्सव में प्राथमिकता मिलनी चाहिए। दरअसल, लोक कला, संस्कृति, पर्यटन, हस्तशिल्प को बढ़ावा देने के लिए बाड़मेर में थार महोत्सव का आयोजन किया जाता है। साल 2024 में चुनाव की वजह से थार महोत्सव नहीं हो पाया। लेकिन इस बार बाड़मेर जिला प्रशासन की पहल पर फिर से थार महोत्सव का आयोजन करवाया जा रहा है। बालोतरा जिला अलग होने की वजह से दो दिवसीय महोत्सव करने की प्लानिंग की जा रही है। इसमें सांस्कृतिक प्रोग्राम, हस्तशिल्प मेला, मिस्टर थार श्री, मिस थार सुंदरी सहित अलग-अलग कॉम्पिटिशन को लेकर मीटिंग में चर्चा की गई। मीटिंग में जिला परिषद सीईओ रवि कुमार, एसपी नरेंद्र सिंह मीना, एडीएम राजेंद्र सिंह चांदावत, यूआईटी और नगर परिषद आयुक्त श्रवण सिंह राजावत, जनप्रतिनिधि, समाजसेवी सहित एनजीओ के जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। जिला कलेक्टर टीना डाबी ने कहा कि इस प्रोग्राम सेलिब्रिटी आएंगे। लेकिन स्थानीय लोक कलाकारों को भी मंच मिलना चाहिए। इस पर विशेष ध्यान रखने के निर्देश दिए है। महोत्सव को लेकर तैयारियों शुरू कर दी गई है। थार महोत्सव अब तक तीन दिवसीय होता रहा है। लेकिन इस बार बालोतरा जिला अलग होने की वजह से दो दिवसीय कर दिया गया है। हालांकि प्रशासन ने फिलहाल डेट फाइनल नहीं की है।


