भास्कर न्यूज| गुमला गुमला नगर निकाय चुनाव के अंतिम पलों में वार्ड नंबर 15 का बूथ उस वक्त अखाड़ा बन गया। जब दो दिग्गज महिला उम्मीदवार और परिजन आपस में भिड़ गए। इस हाई-वोल्टेज ड्रामे का वीडियो सोशल मीडिया पर फैल गया है। जानकारी के अनुसार मतदान खत्म होने के ठीक पहले एक मतदाता को वोट डालने जाते देख अधिवक्ता सह प्रत्याशी गायत्री शर्मा ने बोगस वोटिंग की आशंका जताते हुए उसे रोक दिया। इसी बात को लेकर वहां मौजूद चेंबर के पूर्व क्षेत्रीय उपाध्यक्ष पदम साबू और गायत्री शर्मा के बीच तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। देखते ही देखते यह बहस तेज हो गई। इसके बाद प्रत्याशी सह पदम साबू की बहू रेणु साबू और गायत्री शर्मा के बीच हुई इस भिड़ंत ने मतदान केंद्र पर अफरा-तफरी का माहौल पैदा कर दिया। शोर-शराबा बढ़ता देख पुलिस और स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव किया। जिसके बाद मामला शांत हो सका। गुमला|गुमला नगर परिषद चुनाव के दौरान सोमवार को शहर में लोकतंत्र की खूबसूरत तस्वीर देखने को मिली। सुबह 7 बजे से ही मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें लगने लगी थीं। इस बार चुनाव में न केवल युवाओं का जोश चरम पर था बल्कि बुजुर्गों और शारीरिक रूप से अक्षम मतदाताओं ने भी अपनी भागीदारी सुनिश्चित कर समाज को मतदान का संदेश दिया। मतदान के दौरान सबसे प्रेरणादायक दृश्य तब दिखा। जब 85 वर्ष की केतकी देवी अपने बेटे अरूण साहू व अनूप साहू और पोते आदर्श आर्यन तथा बिमला देवी साबू अपने पुत्र नवल साबू के साथ अपनी उम्र और स्वास्थ्य की बाधाओं को दरकिनार कर व्हील चेयर पर बैठकर बूथ तक पहुंचीं। इन बुजुर्गों का कहना था कि लोकतंत्र को मजबूत करने के लिए एक-एक वोट कीमती है।


