जिले में राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रमों की जमीनी हकीकत जानने और सेवाओं में सुधार के उद्देश्य से स्वास्थ्य विभाग की टीम ने विभिन्न सेक्टरों का सघन दौरा किया। इस सेक्टर बैठक और फील्ड विजिट के माध्यम से स्वास्थ्य केंद्रों की कार्यप्रणाली का जायजा लिया गया। सेक्टर बैठक के तहत स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जिले के सरायपाली, बसना, पिथौरा, खल्लारी और गड़फुलझर सेक्टर के अंतर्गत आने वाले कई संस्थानों का भ्रमण किया। टीम ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र सरायपाली, बसना, पिथौरा के साथ-साथ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बलौदा, तोषगांव, लम्बर, भंवरपुर, बहमनी, सलडीह, खल्लारी, खमरिया, खट्टी और बरौली में स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को परखा। बैठक और विजिट के दौरान अधिकारियों ने शासन की महत्वपूर्ण योजनाओं की बारीकी से समीक्षा की, जिसमें प्रमुख रूप से शामिल रहे। एमडीए कार्यक्रम में फाइलेरिया उन्मूलन अभियान की प्रगति, मातृ मृत्यु दर में प्रसव सेवाओं में सुधार कर एमएमआर में कमी लाना। एनसीडी स्क्रीनिंग में गैर-संचारी रोगों की जांच और पहचान, आयुष्मान कार्ड में कार्ड निर्माण की गति बढ़ाकर शत-प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त करना, टीबी उन्मूलन में टीबी के नए मरीजों की खोज और उनके उपचार की ट्रैकिंग शामिल है। इस मौके पर जिला कार्यक्रम प्रबंधक नीलू घृतलहरे, नोडल अधिकारी डॉ. छत्रपाल चंद्राकर, जिला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. वी.पी. सिंह, डॉ. ज्योति साहू (आरसीएच नोडल), संदीप चंद्राकर (आरएमएनसीएच ए सलाहकार), एकेश्वर शुक्ला (एनएलईपी सलाहकार), उत्तम श्रीवास, घनश्याम देशमुख, राहुल ठाकुर एवं तेजस राठौर (एफएलसी) सहित अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। बेहतर सुविधाओं के निर्देश सीएमएचओ डॉ. आई. नागेश्वर राव ने स्पष्ट किया कि जिले के अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाना विभाग की पहली प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि नियमित फील्ड विजिट और सेक्टर बैठकों के माध्यम से व्यवस्थाओं को सुदृढ़ किया जा रहा है ताकि आम नागरिकों को इलाज के लिए भटकना न पड़े।


