श्रीगंगानगर। इस बार होलाष्टक 24 फरवरी से 3 मार्च तक रहेंगे। इस दौरान कोई मांगलिक कार्यक्रम नहीं हो सकेंगे। इस वर्ष होलाष्टक, होलिका दहन और धुलंडी की तिथियों में परिवर्तन के साथ चंद्र ग्रहण का प्रभाव भी रहेगा। इससे श्रद्धालुओं को विशेष सावधानी बरतनी होगी। इस वर्ष होलिका दहन के दूसरे दिन धुलंडी पर 3 मार्च को खग्रास चंद्र ग्रहण लगने जा रहा है। ग्रहण के कारण इस बार होली जलाने और रंग खेलने की तिथियों में बदलाव किया गया है। वहीं क्षेत्र में फागोत्सव की धूम शुरू हो गई है। चंग की थाप और फाग गीतों के साथ श्रद्धालु व ग्रामीण रंगारंग प्रस्तुतियों में झूम उठे। जगह-जगह सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हो रहा है, जहां पारंपरिक वेशभूषा में कलाकारों ने फाग गीत गाकर माहौल को होलीमय बना दिया।


