हिमाचल प्रदेश के शिमला स्थित अटल इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल सुपर स्पेशलिटी अस्पताल (एआईएमएसएस) चमियाणा परिसर में मंगलवार सुबह एक कुत्ता मानव पैर का हिस्सा मुंह में लेकर घूमता हुआ दिखाई दिया। इस घटना का वीडियो तेजी से सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। यह इंसानी अंग अस्पताल में की गई एम्प्यूटेशन (शरीर का अंग काटने) प्रक्रिया के बाद मेडिकल वेस्ट में रखा गया था। यह किसी दुर्घटना के मामले में किया गया था। अस्पताल प्रशासन ने इस लापरवाही के संबंध में सफाई सुपरवाइजर से जवाब तलब किया है। अस्पताल प्रबंधन ने माना लापरवाही, जांच कमेटी गठित अस्पताल के स्तर पर यह गंभीर लापरवाही मानी जा रही है, क्योंकि कटे हुए अंगों के निपटान की उचित व्यवस्था होती है। इस वीडियो के वायरल होने के बाद जहां लोगों में भय का माहौल है, वहीं सच्चाई जानने वाले अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ गहरा आक्रोश व्यक्त कर रहे हैं। एआईएमएस अस्पताल प्रशासन ने वीडियो सोशल मीडिया पर प्रसारित होने के बाद अस्पताल प्रबंधन हरकत में आया और घटना को गंभीरता से देखने की बात कही। पूरे मामले की तथ्यात्मक जांच के लिए एक फैक्ट फाइंडिंग कमेटी का गठन किया गया है। इस समिति में नर्सिंग सुपरिंटेंडेंट लीलावती, बायो मेडिकल वेस्ट के नोडल अधिकारी राजेश वर्मा और मैट्रन लीला बोध को शामिल किया गया है। शाम तक मांगी रिपोर्ट यह समिति मामले की पूरी जांच कर तथ्यों का पता लगाएगी, जिम्मेदारी तय करेगी और भविष्य में ऐसी पुनरावृत्ति रोकने के लिए संभावित चूक की पहचान करेगी। प्रशासन के अनुसार, समिति आज शाम 5 बजे तक अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। अस्पताल प्रबंधन ने आश्वासन दिया है कि यदि किसी भी स्तर पर लापरवाही पाई जाती है, तो संबंधित जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।


