अजय शर्मा| टोंक प्रदेश की करीब 6500 से अधिक ग्राम पंचायतों में करीब 20 दिन से टेंडर, स्वीकृति और भुगतान जारी करने के काम अटके पड़े हैं। कारण, इन ग्राम पंचायतों की एसएसओ आईडी बंद कर दी गई हैं। कार्यकाल पूरा होने के बाद जहां सरपंचों को प्रशासक लगाया गया हैं। वहां सॉफ्टवेयर में सरपंच की जगह प्रशासक शब्द अपडेट किया जाना है। जिसके बाद ही आईडी काम करेगी। आईडी बंद किए जाने से जिले में मालपुरा पंचायत समिति की 35 ग्राम पंचायतों में काम बाधित हो रहा है। पिछले साल प्रदेश में बोरवेल में बच्चों के गिरने की दो घटनाएं होने के बाद दिसंबर में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने 10 दिन में प्रदेश के सभी खुले बोरवेल और कुंओं को बंद कराने का दावा किया था। जिस पर ग्रामीण क्षेत्रों में खुले बोरवेल-कुओं को ढकने का जिम्मा ग्राम पंचायतों को सौंपा था। जिले में अभी भी काफी संख्या में खुले कुएं हैं, ग्राम पंचायतों की एसएसओ आईडी बंद होने से कुंओं को ढकने के टेंडर जारी नहीं हो पा रहे हैं। सामग्री व मिस्त्री को भुगतान भी नहीं हो पा रहा है। जिससे बोरवेल और कुंओं को ढकने का काम भी अटका हैं। बताया जाता है कि टोंक जिले में अभी भी आधे से अधिक कुएं खुले पड़े है। स्वच्छ भारत मिशन के तहत गांवों में स्वच्छता कार्यक्रम चलाने के मंत्री के आदेश पर भी काम नहीं हो रहा है। गांवों में सफाई, कचरे के निस्तारण के लिए ना तो निविदाएं जारी हो रही है ना ही भुगतान हो रहा है। निर्माण के काम भी अटके पड़े हैं। सरकार ने प्रदेशभर में सरपंच-सचिव दोनों के नाम से ग्राम पंचायत के लिए एसएसओ आईडी बनाई थी। अब प्रदेश की 11 हजार से अधिक ग्राम पंचायतों में से करीब आधी पर कार्यकाल पूरा होने के बाद सरकार ने 16 जनवरी 2025 को आदेश जारी कर सरपंचों को ही प्रशासक लगा दिया। बताया जाता है कि प्रशासक के नाम पर सरपंचों के काम करने पर कानूनी अड़चनें आने की आशंका सामने आने के बाद सरकार ने एसएसओ आईडी बंद कराने का निर्णय किया। आईडी में सरपंच की जगह प्रशासक शब्द जोड़ने के बाद ही आईडी काम करेगी। विभाग की तकनीकी टीम इस अपडेट को पूरा करने में जुटी है। उम्मीद की जा रही है, कि जल्द ही अपडेट आईडी शुरू हो जाएगी। यह परेशानी उन्हीं ग्राम पंचायतों में आ रही है, जहां प्रशासक लगाए गए हैं, जहां बाद में चुनाव हुए और सरपंच काम कर रहे हैं, वहां आईडी काम कर रही है। ^प्रदेश में सरपंचों को प्रशासक लगाए जाने के बाद करीब 6500 ग्राम पंचायतों की एसएसओ आईडी बंद कर दी हैं। जिससे बोरवेल-कुंओं को ढकने और ग्राम स्वच्छता के काम अटक गए हैं। प्रतिनिधिमंडल ने पंचायत राज विभाग के सचिव जोगाराम से मुलाकात कर आईडी शुरू करने की मांग की है। उन्होंने आश्वासन दिया है कि जल्द ही आईडी शुरू हो जाएगी। -महावीर शर्मा, प्रदेशाध्यक्ष, राजस्थान ग्राम विकास अधिकारी संघ, जयपुर ^जिले की सात में से छह पर सरपंच के नाम की आईडी पर काम हो रहा है। मालपुरा में सभी ग्राम पंचायतों की आईडी बंद है। वहां सरपंच के बजाए प्रशासक का नाम अपडेट किया जा रहा है। अन्य ग्राम पंचायतों में भी अपडेटेशन का काम शुरू कराएंगे। शीघ्र समस्या का समाधान कर पंचायतों को राहत प्रदान कर दी जाएगी। -परशुराम धानका, मुख्य कार्यकारी अधिकारी, जिला परिषद, टोंक


