महाशिवरात्रि पर आज से सुबह से ही मंदिरों में भक्तों की लंबी लाइन लगी हुई है। भक्त भोलेबाबा के जलाभिषेक के लिए अपनी बारी का इंतजार कर रहे है। अलवर शहर के त्रिपोलिया महादेव मंदिर में एक बार में 20 से 30 लोग पूजन करते नजर आए। मंदिर के बाहर करीब 50 मीटर दूर तक लाइन लगी रही, जितने भक्त पूजन कर निकलते उससे ज्यादा लाइन में नए आ जाते। सुबह-सुबह दुकानदार भी पहले महादेव के दर्शन करने आए। उसके बाद दुकान खोली। त्रिपोलिया महादेव के अलावा अन्य मंदिरों में भी भक्तों की भीड़ है। बाजारों में सब्जी, फल-फूल विक्रेताओं के भी काफी गहमागहमी है। वन राज्य मंत्री संजय शर्मा ने टहला के नीलकंठ महादेव मंदिर राजौरगढ़ में पूजा मां व पत्नी सहित कई कार्यकर्ता के साथ पूजा अर्चन की। अमरनाथ बर्फानी सेवा समिति की ओर से बुधवार शाम को 6.25 बजे से 21 फुट के हिम शिवलिंग की कंपनी बाग में विशेष पूजा-अर्चना होगी। सागर ऊपर स्थित बख्तेश्वर महादेव मंदिर में भगवान शिव की दूल्हा रूप में पूजा होता है। यहां भगवान शिव दूल्हे के रूप में और माता पार्वती दुल्हन के रूप से विशेष रूप से विराजमान हैं। त्रिपोलिया महादेव मंदिर के अलावा सोनावा स्थित लंबा महादेव, मथुराधीश मंदिर में स्थित गंगाजी की प्रतिमा के साथ वाले शिवालय, अट्टा मंदिर के सामने स्थित नागेश्वर मंदिर, मोती डूंगरी बीएसएनएल कार्यालय के पास शिव मंदिर, अट्टा मंदिर, हरिबाबा मंदिर सहित अन्य शिवालयों पर भी श्रद्धालुओं की भीड़ है। नया भूरासिद्ध क्षेत्र के पास स्थित शिव वाटिका मोक्ष धाम मंदिर में सहस्रधारा का कार्यक्रम शाम चार बजे से होगा। महाशिवरात्रि के पर्व पर अलवर शहर के ऐतिहासिक 300 साल से अधिक पुराने सोनावा स्थित लंबा महादेव मंदिर में भी सुबह सुबह काफी संख्या में भक्तजन पहुंचे। कुछ परिवार तो गाजे बाजे के साथ मंदिर में पहुंचे। जिन परिवारों में नवजात ने जन्म लिया है। उनकी विशेष मान्यता होती है। वे पूरे परिवार के साम मंदिर आते हैं। यहां भगवान शंकर और माता पार्वती की पूजा होती है।


