झालावाड़ जिले के सभी चिकित्सा संस्थानों में अब ओडीके ऐप के माध्यम से स्टाफ की उपस्थिति और सेवाओं की जानकारी दर्ज की जाएगी। इसमें जिला चिकित्सालय, उप जिला चिकित्सालय, सेटेलाइट चिकित्सालय, सीएचसी और पीएचसी के प्रभारी शामिल होंगे। प्रत्येक संस्थान के प्रभारी को प्रतिदिन सुबह ओडीके ऐप में अपनी संस्थान से संबंधित जानकारी दर्ज करनी होगी। इस व्यवस्था से जिला स्तर के अधिकारियों के साथ-साथ जयपुर के अधिकारी भी स्टाफ की मौजूदगी, अनुपस्थिति और अन्य सेवाओं का विवरण वास्तविक समय में देख सकेंगे। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. साजिद खान ने बताया कि ओडीके एक ओपन-सोर्स सॉफ्टवेयर है। इसे स्मार्टफोन के जरिए डेटा (जैसे सर्वेक्षण, फोटो और स्थान) एकत्र करने के लिए उपयोग किया जाता है। यह विशेष रूप से उन क्षेत्रों के लिए डिज़ाइन किया गया है, जहां इंटरनेट कनेक्टिविटी सीमित हो सकती है। इस ऐप का मुख्य लाभ यह है कि यह चिकित्सकों और अन्य चिकित्सा कर्मियों की समय पर उपलब्धता सुनिश्चित करेगा। साथ ही, संस्थानों में उपकरण, संसाधन और दवाइयों की उपलब्धता भी बनी रहेगी। ओडीके ऐप के उपयोग से चिकित्सा संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान करने में मदद मिलेगी, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार होगा। क्या-क्या विवरण रहेगा एप में
ओडीके एक में प्रतिदिन कौन-कौन अधिकारी, कर्मचारी उपस्थित है व कौन अनुपस्थित व कौन अवकाश पर है का सम्पूर्ण विवरण रहेगा। संस्थान पर कितने प्रकार की दवाइयां उपलब्ध हैं, नियर एक्सपायरी कौनसी है, साथ ही कौन-कौन सी दवाईयों की संस्थान पर आवश्यकता है। इसका विवरण रहेगा। संस्थान पर उपकरण क्रियाशील है या नहीं एवं उपकरण की आवश्यकता है या नहीं का विवरण होगा। संस्थान पर कितने प्रकार की जांचें उपलब्ध हैं। फ्लेगशीप योजनाओं व राष्ट्रीय कार्यक्रमों से जानकारी उपलब्ध होगी।
एम्बुलेन्स कितनी है, चालू कितनी है, खराब कितनी है की जानकारी उपलब्ध होगी। एप की मुख्य विशेषताएं
ऑफलाइन मोड – डेटा बिना इंटरनेट के भी एकत्र किया जा सकता है और नेटवर्क मिलने पर सिंक हो जाता है। इसमें स्थान (जीपीएस), फोटो और वीडियो को रिकॉर्ड करने की सुविधा है। यह एंड्रॉइड प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध है और इसे आसानी से गूगल प्ले स्टोर से डाएनलोड की जा सकती है।


