झालावाड़-बारां संसदीय क्षेत्र के सांसद दुष्यंत सिंह ने झालावाड़ के मिनी सचिवालय सभागार में राज सखी झालावाड़ी हर्बल गुलाल का पोस्टर जारी किया। यह गुलाल राजीविका से जुड़ी महिलाओं द्वारा हस्तनिर्मित है। इस अवसर पर जिला कलेक्टर अजय सिंह राठौड़ ने बताया कि यह गुलाल 100 प्रतिशत हर्बल और त्वचा के अनुकूल है। इसे प्राकृतिक अवयवों से तैयार किया गया है और यह हानिकारक रसायनों से पूरी तरह मुक्त है। यह सुरक्षित, सौम्य और जीवंत होली अनुभव सुनिश्चित करता है। ताजे फूलों की पंखुड़ियों से बनता है अर्क इसके निर्माण की प्रक्रिया में ताजे फूलों की पंखुड़ियों को पानी में उबालकर अर्क तैयार किया जाता है। इस अर्क को छानकर आरारोट के साथ मिलाया जाता है और कुछ दिनों तक धूप में सुखाया जाता है। सूखने के बाद पाउडर को हाथों से पुनः मिश्रित कर बारीकी से छाना जाता है, जिससे उसकी कोमलता और गुणवत्ता बनी रहे। अंत में इसे एयरटाइट पैकेट में सुरक्षित रूप से पैक किया जाता है।
उत्पाद की प्रमुख विशेषताओं में इसका 100 प्रतिशत प्राकृतिक एवं गैर-विषाक्त होना शामिल है। यह त्वचा के अनुकूल, सुगंधित है और इसमें किसी भी प्रकार के कठोर रसायन, अमोनिया या भारी धातु का उपयोग नहीं किया गया है। यह बायोडिग्रेडेबल, पर्यावरण के अनुकूल है और सभी आयु वर्ग के लिए सुरक्षित है। यह हरा, पीला, गुलाबी एवं ऑरेंज रंग में उपलब्ध है। प्राकृतिक फूलों के अर्क से तैयार यह हर्बल गुलाल न केवल उत्सवों में आकर्षक और गहरे रंगों की छटा बिखेरता है, बल्कि प्रकृति की कोमल सुगंध भी प्रदान करता है। यह उत्पाद पर्यावरण संरक्षण के प्रति जिम्मेदार दृष्टिकोण को बढ़ावा देते हुए सुरक्षित एवं आनंददायक होली खेलने का संदेश देता है। इस कार्यक्रम में आरपीएससी के पूर्व चेयरमैन श्याम सुंदर शर्मा, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी शंभु दयाल मीणा, पूर्व विधायक नरेंद्र नागर, जिलाध्यक्ष हर्षवर्धन शर्मा, पूर्व सभापति प्रदीप सिंह राजावत सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी मौजूद रहे।


