हनुमानगढ़ में फाल्गुन मास शुरू होते ही होली का रंग गहराने लगा है। जिला मुख्यालय स्थित बाबा रामदेव मंदिर और टाउन के चौतिना कुआं हनुमान मंदिर में चंग धमाल और होली उत्सव शुरू हो गए हैं। इन आयोजनों में युवाओं की भागीदारी लगातार बढ़ रही है। जंक्शन स्थित बाबा रामदेव मंदिर में शाम ढलते ही चंग की थाप और फागुन के रसियों की गूंज सुनाई देती है। मंदिर परिसर में श्रद्धालु और कलाकार जुटकर पारंपरिक होली गीत गाते हैं, जिससे वातावरण उत्सवी हो जाता है। ढोल, मंजीरे और चंग की ताल पर लोग झूमते नजर आते हैं। लोक परंपराओं से जोड़ना लोगों को जोड़ना है उद्देश्य
बाबा रामदेव समिति पिछले 5 साल से यहां नियमित रूप से चंग धमाल का आयोजन कर रही है। फाल्गुन मास शुरू होते ही प्रतिदिन शाम को चंग वादन और होली रसिया कार्यक्रम आयोजित किया जाता है। समिति का कहना है कि इसका उद्देश्य नई पीढ़ी को लोक परंपराओं से जोड़ना और पारंपरिक होली संस्कृति को जीवित रखना है। समिति सदस्यों के अनुसार, शुरुआत में यह आयोजन सीमित स्तर पर होता था, लेकिन अब इसमें भाग लेने वालों की संख्या लगातार बढ़ रही है। बच्चों और युवाओं में विशेष उत्साह देखा जा रहा है। कई परिवार शाम को मंदिर पहुंचकर सामूहिक रूप से कार्यक्रम का आनंद लेते हैं। उधर, टाउन क्षेत्र में पुराने नगर परिषद कार्यालय के पास स्थित चौतिना कुआं हनुमान मंदिर परिसर में भी होली उत्सव जारी है। यहां पारंपरिक धमाल और नृत्य की प्रस्तुतियां दी जा रही हैं। बड़ी संख्या में शहरवासी इन कार्यक्रमों को देखने पहुंच रहे हैं, जिससे शहर में होली का माहौल परवान चढ़ने लगा है।


