रांची विधानसभा में चल रहे बजट सत्र के 8वें दिन सत्ता पक्ष और विपक्ष ने स्वास्थ्य सुविधाओं को लेकर स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी को घेरा। विधायक चंद्रदेव महतो ने कहा कि धनबाद के शहीद निर्मल महतो मेडिकल कॉलेज अस्पताल (एसएनएमएमसीएच) में बायोमेडिक वेस्ट का डिस्पोजल नहीं हो रहा है। इससे संक्रमण फैल रहा है। वहां बायोमेडिकल वेस्ट उठानेवाली एजेंसी इतनी प्रभावशाली है कि मेडिकल सुपरिटेंडेंट कहते हैं कि हम कंपनी के खिलाफ नहीं जा सकते। इस पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य में छह बायोमेडिक प्लांट धनबाद, रामगढ़, लोहरदगा, आदित्यपुर, पाकुड़ और एक अन्य जगह पर है। सभी हॉस्पीटल हाइजेनिक होंगे। राज्य के सभी सदर अस्पतालों और मेडिकल कॉलेजों में माइक्रोवेस्ट प्लांट लगाने जा रहे हैं। ये पूरी तरह से संक्रमण मुक्त होंगे। इसका टेंडर जारी कर दिया गया है। इस पर मथुरा महतो ने कहा कि धनबाद मेडिकल कॉलेज के लिए कमेटी बनानी चाहिए। धनबाद में काम कर रही एजेंसी का प्रभाव इतना है कि कचरा नहीं उठाती है। इस पर मंत्री ने कहा कि इसकी जांच करा कर कार्रवाई करेंगे। विधायक राज सिन्हा ने कहा कि वर्ष 2020-21 में पीएम केयर फंड से एसएनएमएमसीएच में तीन ऑक्सीजन प्लांट लगाए गए थे। इनमें दो प्लांट खराब हैं। इससे मरीजों को सुचारू रूप से ऑक्सीजन उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। हॉस्पीटल में रोजाना 1300 मरीज आते हैं। वहां महिला डॉक्टरों की कमी है। इस मंत्री डॉ. इरफान ने कहा कि एसएनएमएमसीएच में अभी एक से काम चल रहा है। लेकिन हॉस्पीटल में ऑक्सीजन की कमी नहीं है। ऑक्सीजन के अभाव में किसी मरीज की जान नहीं गई है। सिलेंडर से ऑक्सीजन की आपूर्ति हो रही है। मशीन ठीक करने के लिए भारत सरकार को पत्र लिखा गया है। जहां तक डॉक्टरों की बात है तो जल्द उनकी बहाली होगा। 370 मेडिकल अफसर, 660 सुपर स्पेशलिस्ट डॉक्टर और 189 सुपर सप्शेलिस्ट डॉक्टरों की नियुक्ति की जाएगी। राजेश कच्छप ने कहा कि 49 अंचलों में सीओ के पद रिक्त हैं। 72 सीओ रैंक के पदाधिकारी मुख्यालय में बैठकर सरकारी वेतन एवं सुविधाएं ले रहे हैं। सीओ को एसडीए रैंक में प्रोन्नति दे दी गई है, लेकिन उनसे अब तक सीओ का ही काम लिया जा रहा है। यह वित्तीय अनियमितता है।


