उदयपुर के गोगुंदा इलाके में पुलिस ने मिलावटी पेट्रोल के एक काले कारोबार का पर्दाफाश किया है। गोगुंदा हाईवे पर खोखरियां की नाल सुरंग के पास पुलिस ने छापेमारी कर एक ऐसे गिरोह को पकड़ा है, जो पेट्रोल टैंकरों में केमिकल मिलाकर जनता की गाड़ियों और जेब दोनों को चूना लगा रहा था। इस पूरी कार्रवाई को गिर्वा डीएसपी गोपाल चंदेल के नेतृत्व में अंजाम दिया गया। ऐसे पकड़ा गया मिलावट का खेल
पुलिस को पुख्ता सूचना मिली थी कि गोगुंदा हाईवे पर स्थित बालाजी होटल के पास पेट्रोल टैंकरों में मिलावट का काम धड़ल्ले से चल रहा है। इस पर पुलिस टीम ने घेराबंदी की तो देखा कि जामनगर (गुजरात) से प्रतापगढ़ जा रहे जिओ कंपनी के एक पेट्रोल टैंकर में दो लोग पानी जैसा दिखने वाला संदिग्ध केमिकल मिक्स कर रहे थे। पुलिस को देखते ही वहां हड़कंप मच गया। मौके से एक पिकअप गाड़ी और पेट्रोल टैंकर को जब्त कर लिया गया है। पुलिया के नीचे और मकान में छिपा था खजाना
कार्रवाई के दौरान पुलिस को होटल से करीब 200 मीटर दूर हाईवे की पुलिया के नीचे और पास ही एक मकान में भारी मात्रा में केमिकल मिला। आरोपियों ने बड़ी चालाकी से यहां 80 से ज्यादा ड्रमों में यह संदिग्ध केमिकल भरकर छिपा रखा था। पुलिस ने इन सभी ड्रमों को बरामद कर लिया है। सूचना पर मौके पर जिला रसद अधिकारी मनीष भटनागर भी अपनी टीम के साथ पहुंचे और केमिकल के सैंपल लिए। होटल संचालक फरार, 2 गिरफ्तार
पुलिस ने इस मामले में टैंकर चालक विसना राम और उसके साथी प्रकाश मेघवाल को गिरफ्तार कर लिया है। हालांकि, पुलिस की रेड की भनक लगते ही होटल संचालक सुरेश विश्नोई मौके से भाग गया। बेकरिया थानाधिकारी उत्तम सिंह और उनकी टीम ने मौके पर पहुंचकर केस दर्ज कर लिया है। डीएसपी गोपाल चंदेल ने बताया कि पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि यह केमिकल कहां से आता था और इस खेल में और कौन-कौन शामिल है। माना जा रहा है कि पूछताछ के बाद इस पूरे नेटवर्क से जुड़े बड़े गिरोह का भंडाफोड़ हो सकता है। इनपुट – गोपाल लोढ़ा, गोगुंदा।


