कामचलाऊ पुल का निर्माण किया था, पहली बारिश में बह गई थी पुलिया

भास्कर न्यूज|कामडारा प्रखंड के टीटीही भीमाटोली स्थित हरहरा नाला पर अब शीघ्र ही जिला योजना अनाबद्ध निधि से पुल का निर्माण होगा। इसके लिए प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी है। वहीं पुल का निर्माण कुल 92 लाख 56 हजार रुपए से कराया जाएगा। इसके लिए कार्यादेश निर्गत तिथि से 3 माह के अंदर योजना का निविदा आमंत्रित कर कार्य शुरू की जाएगी। जानकारी के मुताबिक कामडारा प्रखंड क्षेत्र के सरिता पंचायत के अंतर्गत टीटीही भीमाटोली स्थित हरहरा नाला पर पुल नहीं रहने के कारण आसपास के दर्जनों गांवों के ग्रामीणों को आने जाने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। जिसे देखते हुए स्थानीय ग्रामीण बार-बार चंदा इकट्ठा व श्रमदान कर कामचलाऊ पुलिया का निर्माण करते थे। लेकिन बरसात के दिन में वह पुलिया ढ़ह जाने के कारण ग्रामीणों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा था। इसकी खबर दैनिक भास्कर अखबार में निरंतर प्रमुखता के साथ प्रकाशित किया जा रहा था। इसी बीच यह मामला कामडारा के जिला परिषद सदस्य दीपक कंडूलना के संज्ञान में आया और उन्होंने इस मामले के बारे में गुमला के जिला योजना पदाधिकारी को अवगत कराया। इसके बाद जिला योजना पदाधिकारी के द्वारा टीटीही हरहरा नाला स्थल का निरीक्षण किए जाने के बाद शीघ्र उसका प्राक्कलन तैयार की गई। वहीं जिले की डीसी प्रेरणा दीक्षित ने भी ग्रामीणों की समस्याओं को देखते हुए तुरंत स्वीकृत्यादेश जारी कर दी। जो अब तीन माह के अंदर निविदा के बाद जल्द ही पुल बनाने का काम शुरु हो जाएगा। श्रमदान से ह्यूम पाइप से पुल का निर्माण कर करते जाते थे आना जाना टीटीही भीमाटोली स्थित हरहरा नाला पर पुल नहीं रहने के कारण स्थानीय ग्रामीणों के द्वारा लगातार एक दशक पूर्व से ही स्थानीय विधायक, सांसद व प्रशासनिक अधिकारियों से पुल बनाए जाने की मांग कर रहे थे। परंतु किसी के द्वारा ध्यान नहीं दिए जाने पर लगभग पांच वर्ष पूर्व स्थानीय ग्रामीणों ने आसपास पर फेंकी गई ह्यूम पाइप को श्रमदान से इकट्ठा कर कामचलाऊ पुल का निर्माण किया था और किसी तरह से आनाजाना कर रहे थे। लेकिन वर्ष 2025 मे पहली बारिश में ही उक्त पुलिया के बह जाने से ग्रामीणों की परेशानी और बढ गई थी। जिसे देखते हुए आसपास के ग्रामीणों ने चंदा इकट्ठा कर बांस की खरीदारी कर श्रमदान से पुनः बांस का पुलिया निर्माण किया। लेकिन उक्त पुल में वृद्ध-वृद्धा पार होने से डर रहे थे। जिसे देखते हुए इधर लगभग तीन माह पूर्व पानी में बह गए पुराने ह्यूम पाइप को इकठ्ठा कर पुनः कामचलाऊ पुल बनाया गया है। वहीं पुल नहीं रहने से होनेवाली परेशानियों को लेकर दैनिक भास्कर, अखबार में लगातार प्रकाशित कि जा रही थी। इसी बीच यह समस्या जिला परिषद सदस्‍य दीपक कंडूलना के संज्ञान पर आया और उन्होंने जिले के अधिकारियों को आवगत कराते हुए पुल निर्माण कराए जाने को लेकर पहल की। आने जाने में समय व 8 किमी की दूरी की बचत होगी टीटीही भीमाटोली स्थित हरहरा नाला में पुल नहीं रहने के कारण टीटीही, बोंगदा, किसनी सहित अन्य गांव के ग्रामीणों को प्रखंड मुख्यालय व पकरा रेलवे स्टेशन तक जाने के लिए गांव सरिता होते हुए अतिरिक्त लगभग 10 किमी की दूरी तय करना पड़ती थी। वहीं स्कूली बच्चे बरसात के दिनों में अपने जान को जोखिम में डालते हुए नाला को पार कर स्कूल जाते थे। यदि हरहरा नाला में पुल का निर्माण शीघ्र होगा तो लोगों प्रखंड मुख्यालय, रेलवे स्टेशन, स्कूल और खूंटी-सिमडेगा मुख्य पथ तक आने जाने में समय व 8 किमी की दूरी की बचत होगी।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *