हनुमानगढ़ जिले के अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी तेजपाल पंडा को रिटायरमेंट के 4 दिन पहले निलंबित कर दिया है। तेजपाल पंडा पर चूरू जिले की सरकारी नौकरी में कार्यरत महिला को आपत्तिजनक मैसेज भेजने का आरोप है। शिकायत जांच कमेटी में पाया दोषी
जिला कलेक्टर कानाराम ने बताया कि तेजपाल पंडा का मूल पद हनुमानगढ़ जिले में अतिरिक्त प्रशासनिक अधिकारी के रूप में था, लेकिन उसे चूरू जिले के भानीपुरा में कार्य व्यवस्था के तहत तहसीलदार के रूप में लगाया गया था। उसके खिलाफ यह मामला तब सामने आया, जब चूरू जिले के कलेक्टर की गठित की गई शिकायत जांच कमेटी ने पाया कि पंडा ने एक महिला को कार्यस्थल पर मानसिक रूप से परेशान किया और आपत्तिजनक मैसेज भेजे। जिला कलेक्टर कानाराम ने बताया कि समिति ने इस घटना में तेजपाल पंडा को दोषी ठहराते हुए रिपोर्ट दी कि उनका व्यवहार बेहद अनुशासनहीन और गलत था। इसके बाद हनुमानगढ़ कलेक्टर कानाराम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए पंडा को 25 फरवरी को निलंबित कर दिया। निलंबन काल में मुख्यालय एसडीएम कार्यालय हनुमानगढ़ रखा गया। खास बात यह है कि 28 फरवरी को पंडा की सेवानिवृत्ति थी। पद का दुरुपयोग करने का आरोप
कलेक्टर ने बताया कि निलंबित करने के साथ ही पंडा को 16 सीसी की चार्जशीट भी दी गई है। पंडा पर यह भी आरोप है कि उन्होंने अपने पद का दुरुपयोग करते हुए सरकारी कामकाज के दौरान महिला को मानसिक प्रताड़ना दी। अनिल कुमार मीणा संभालेंगे पद
जिला कलेक्टर कानाराम ने बताया कि इस पूरे मामले ने सरकारी महकमे में एक बार फिर से कार्यस्थल पर मानसिक शोषण और अनुशासनहीनता के मामलों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। चूरू कलेक्टर ने आदेश जारी करते हुए नायब तहसीलदार अनिल कुमार मीणा को अग्रिम आदेशों तक भानीपुरा तहसीलदार के पद पर लगाने के भी आदेश जारी कर दिए हैं। जिससे आमजन का कोई कार्य प्रभावित ना हो।


