भास्कर न्यूज|गुमला नगर परिषद के चुनावी दंगल में इस बार समीकरण बड़े दिलचस्प मोड़ पर हैं। शहर की सरकार में अध्यक्ष पद से कहीं ज्यादा चर्चा उपाध्यक्ष की कुर्सी को लेकर हो रही है। राजनीतिक गलियारों में यह पद हॉट केक बन चुका है। जिसे हासिल करने के लिए अनोखा खेल शुरू हो गया है। चर्चा तो यहां तक है कि पर्दे के पीछे समर्थन के बदले बुलेट से लेकर स्कॉर्पियो तक के ऑफर दिए जा रहे हैं। उपाध्यक्ष की इस हाई-प्रोफाइल रेस में आर्थिक रूप से संपन्न चेहरों ने अपनी पूरी ताकत झोंक दी है। खुले बाजार में फिलहाल कई नाम सबसे ज्यादा सुर्खियों में हैं। एक पार्टी समर्थित उम्मीदवार अपनी मजबूत आर्थिक पृष्ठभूमि और पकड़ के साथ ताल ठोक रहे हैं। वहीं एक नेता भी अपनी दावेदारी मजबूती से पेश कर रहे हैं। इनके साथ ही नगर परिषद की पूर्व उपाध्यक्ष भी अपने पिछले अनुभव के आधार पर दोबारा इस कुर्सी पर काबिज होने की जुगत में हैं। राजनीति के इस बिसात पर केवल पुरुष ही नहीं बल्कि महिला चेहरे भी कड़ा मुकाबला दे रही हैं। पर्दे के पीछे से महिलाओं व पुरूष नामों की चर्चा तेजी से बढ़ी है। ऐसे में सियासी गलियारों में यह खबर आम है कि वार्ड पार्षद का चुनाव जीतने में प्रत्याशियों ने जमकर पसीना और पैसा बहाया है। अब चुनाव में हुए इस खर्च की भरपाई उपाध्यक्ष पद के समर्थन के जरिए की जाएगी। यही कारण है कि नवनिर्वाचित पार्षदों के भाव सातवें आसमान पर हैं। सूत्रों की मानें तो पार्षदों को अपने पक्ष में करने के लिए मोटी रकम और लग्जरी गाड़ियों तक के प्रलोभन दिए जा रहे हैं। ऐसे में यह कहना गलत नहीं होगा कि जो दावेदार सबसे ज्यादा खर्च करने का माद्दा रखेगा। ताज उसी के सिर सजेगा। बहरहाल निर्वाचन आयोग की तिथि करीब आते-आते यह देखना दिलचस्प होगा कि ऊंट किस करवट बैठता है और गुमला नगर परिषद की इस हॉट सीट पर किसका कब्जा होता है। चूंकि इस पद के लिए अब तक तीन पुरुष और तीन महिला दावेदार दौड़ में है।


