खैरागढ़ जिले के ठेलकाडीह थाना क्षेत्र के गहिरा-गोपालपुर गांव में हुए बुजुर्ग हत्याकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। जांच में सामने आया कि यह वारदात चोरी के इरादे से नहीं, बल्कि आपसी रंजिश और कथित अपमान के कारण की गई थी। पुलिस ने गांव के ही एक युवक को गिरफ्तार किया है, जिसने पूछताछ में हत्या करना स्वीकार किया है। घटना 27 फरवरी की सुबह करीब 8:30 बजे सामने आई। पुलिस को सूचना मिली कि लेडगूराम वर्मा नामक बुजुर्ग की उनके घर में हत्या कर दी गई है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची।जांच के दौरान घर की पिछली खिड़की टूटी मिली। अलमारी में भी तोड़फोड़ के निशान पाए गए। शुरुआती जांच में मामला चोरी के दौरान हत्या जैसा प्रतीत हुआ। मामले की गंभीरता को देखते हुए डॉग स्क्वॉड और एफएसएल टीम को बुलाया गया। घटनास्थल से साक्ष्य एकत्र किए गए। पूछताछ में गांव का युवक आया शक के दायरे में जांच के दौरान पुलिस ने ग्रामीणों, परिजनों, परिचितों तथा संदिग्ध लोगों से गहन पूछताछ की। बयानों और परिस्थितिजन्य साक्ष्यों के आधार पर गांव के ही बिरेन्द्र कुमार वर्मा पर संदेह गहराया। पुलिस ने बिरेन्द्र को हिरासत में लेकर सख्ती से पूछताछ की। पूछताछ में उसने हत्या की बात कबूल कर ली। अपमान और आपत्तिजनक व्यवहार से पनपा आक्रोश आरोपी बिरेन्द्र वर्मा ने बताया कि मृतक लेडगूराम वर्मा अक्सर उसके घर आता था। खेती-किसानी और घरेलू कामों को लेकर उसे अपमानित करता था। आरोपी ने यह भी आरोप लगाया कि मृतक उसके परिवार की एक महिला पर बुरी नजर रखता था। उसके सामने आपत्तिजनक व्यवहार करता था। इन बातों से उसके मन में गहरा आक्रोश पनप रहा था। रात में कुल्हाड़ी से हमला कर की हत्या पुलिस के अनुसार 26 फरवरी की रात करीब 11 बजे आरोपी कुल्हाड़ी लेकर मृतक के घर पहुंचा। उस समय लेडगूराम वर्मा घर में सो रहे थे। आरोपी ने उनके सिर पर तीन वार किए। इसके बाद गला दबाकर हत्या कर दी। वारदात के बाद पुलिस को गुमराह करने के लिए आरोपी ने घर की खिड़की तोड़ी। अलमारी में तोड़फोड़ कर चोरी का रूप देने की कोशिश की। हत्या में प्रयुक्त हथियार बरामद आरोपी के मेमोरेंडम के आधार पर पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी, खून से सने कपड़े समेत अन्य साक्ष्य बरामद किए। सभी सामान जब्त कर लिया गया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद आरोपी बिरेन्द्र कुमार वर्मा को न्यायिक रिमांड पर भेजने की प्रक्रिया शुरू की गई है।


