भास्कर न्यूज | जांजगीर चाम्पा के नारायणी होटल में सोमवार को कोसाला आजीविका और सामाजिक फाउंडेशन ने तीसरा “शिल्प उन्नति समारोह” आयोजित किया। यह वार्षिक सम्मेलन कोसा कला से जुड़े बुनकरों के सम्मान, कौशल विकास और सामुदायिक सशक्तिकरण को समर्पित रहा। कार्यक्रम में परंपरा और आधुनिकता का संगम देखने को मिला। कोसाला कार शिल्प उन्नति योजना के तहत रायगढ़ क्षेत्र के बुनकरों को विभिन्न सुविधाएं दी गईं। 16 बुनकरों को पहचान कारीगर कार्ड जारी किए गए। उन्नत बुनाई कार्यशाला पूरा करने वाले 20 बुनकरों को प्रमाण पत्र दिए गए। यह पहल कौशल संवर्धन, क्षमता निर्माण और शासकीय योजनाओं तक पहुंच मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। फाउंडेशन की सीईओ नीता शाह ने कहा कि योजना का उद्देश्य बुनकरों के समर्पण को सम्मान देना और उन्हें सामाजिक सुरक्षा, वार्षिक प्रोत्साहन तथा बेहतर बाजार उपलब्ध कराना है, ताकि वे विरासत के सच्चे संरक्षक के रूप में पहचान बना सकें। कार्यक्रम में तीन उत्कृष्ट बुनकरों को वित्तीय वर्ष 2025-26 के लिए “कोसाला भूषण” सम्मान दिया गया। पुरस्कार हिंडाल्को इडस्ट्रीज के मानव संसाधन प्रमुख प्रेम कुमार सिंह, सीईओ नीता शाह और एनएचडीसी के वरिष्ठ वाणिज्यिक अधिकारी अनुराग सांखवार ने प्रदान किए। कार्यक्रम में कोसाला के दिल्ली में हाल ही में शुरू किए गए प्रमुख बुटीक की विशेष प्रस्तुति भी दी गई। इस बुटीक का उद्घाटन उद्योगपति राजश्री बिरला, हिंडाल्को के प्रबंध निदेशक सतीश पाई, ब्रांड एंबेसडर सौरभ खेडेकर और अभिनेत्री यामी गौतम की मौजूदगी में हुआ था। चंद्रपुर के लोक कलाकार छोटू देवांगन और उनकी टीम ने लोक संगीत प्रस्तुति देकर माहौल को सांस्कृतिक रंगों से भर दिया।


