वर्ल्ड वाइड लाइफ डे पर रणथम्भौर टाइगर रिजर्व प्रशासन की ओर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया। यहां रणथंभौर के CCF शारदा प्रताप सिंह और DFO मानस सिंह के निर्देशन में बुधवार को वन्यजीवों, औषधीय व सुगंधित पौधों के संरक्षण, सांस्कृतिक विरासत और आजीविका को सुरक्षित रखने की थीम पर यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम के दौरान सोशियोलॉजिस्ट ममता साहू द्वारा विद्यार्थियों एवं वन्यजीव प्रेमियों के लिए वन्यजीव संरक्षण विषय पर क्विज़ व पोस्टर प्रतियोगिता आयोजित की गई। कार्यक्रम के बाद अच्छा प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया। जिसके बाद स्टूडेंट्स को निःशुल्क टाइगर सफारी कराई गई। CCF बोले, वैश्विक स्तर पर वन्यजीवों के संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का उद्देश्य इस अवसर पर CFF प्रताप सिंह ने कहा कि खाद्य श्रृंखला और पर्यावरणीय संतुलन को बनाए रखने के लिए वन एवं वन्यजीवों का संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। उन्होंने सभी को प्रकृति के संरक्षण एवं संवर्धन के लिए प्रेरित किया। DFO मानस सिंह ने बताया कि विश्व वन्यजीव दिवस का उद्देश्य वैश्विक स्तर पर वन्यजीवों के संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा समाज में सहभागिता को मजबूत करना है।
रणथम्भौर बाघ परियोजना के ACF रवनीश कुमार ने अपने संबोधन में वन्यजीव एवं प्रकृति संरक्षण के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पृथ्वी के पारिस्थितिकी संतुलन को बनाए रखने के लिए मनुष्य के साथ पशु-पक्षियों और वनस्पतियों का संरक्षण अत्यंत आवश्यक है।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को वन्यजीव एवं वनों के संरक्षण की शपथ दिलाई गई तथा प्रतियोगिताओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को पुरस्कृत किया गया। इसके साथ ही प्रतिभागियों को रणथम्भौर राष्ट्रीय उद्यान का भ्रमण भी कराया गया, जहां उन्हें पार्क के विभिन्न रूट्स, पारिस्थितिकी तंत्र, घासभूमि, प्राकृतिक संसाधनों, पक्षियों और वन्यजीवों के महत्व तथा संरक्षण के उपायों की जानकारी दी गई।


