स्वर्णनगरी जैसलमेर के रेतीले धोरों के बीच स्थित ‘भागू का गांव’ कौमी एकता और अटूट भाईचारे का गवाह बना। अवसर था पूर्व कैबिनेट मंत्री सालेह मोहम्मद के पिता और मरहूम गाजी फकीर की बरसी पर आयोजित विशाल रोजा इफ्तार पार्टी का। इस आयोजन में मजहबी दीवारें ढहती नजर आईं, जहाँ एक ही दस्तरखान पर हजारों हिंदू और मुस्लिम भाइयों ने साथ बैठकर थार की ‘अपणायत’ (अपनेपन) का संदेश दिया। अजरख किसी एक का नहीं-पूर्व मंत्री हरीश चौधरी इस मौके पर कांग्रेस के कद्दावर नेता और पूर्व मंत्री हरीश चौधरी विशेष आकर्षण का केंद्र रहे। पठानी सूट और गले में थार की पारंपरिक पहचान ‘अजरख’ पहने चौधरी ने संकीर्ण विचारधारा रखने वाले लोगों पर सीधा प्रहार किया। उन्होंने कहा, “अजरख हमारी सांस्कृतिक पहचान है। कुछ लोग अपनी छोटी सोच के कारण इसे किसी एक विशेष समुदाय से जोड़कर देखते हैं, जबकि हकीकत में यह हमारे मरुप्रदेश की साझा विरासत और गौरव का प्रतीक है।” उन्होंने जोर देकर कहा कि ऐसे आयोजन ही भारत की असली ताकत हैं, जहाँ वेशभूषा और खान-पान दूरियां नहीं, बल्कि दिलों को जोड़ते हैं। होली और रमजान का पवित्र संगम-पूर्व कैबिनेट मंत्री सालेह मोहम्मद पूर्व कैबिनेट मंत्री सालेह मोहम्मद ने इस अवसर पर बेहद भावुक और प्रेरक बात कही। उन्होंने कहा कि यह थार की ही खूबसूरती है जहाँ एक तरफ हिंदू भाइयों ने अभी होली का उल्लास मनाया है, वहीं दूसरी ओर मुस्लिम समुदाय के लोग रोजे रख रहे हैं। उन्होंने कहा, “प्रकृति और ईश्वर भी हमें संकेत दे रहे हैं कि हम साथ मिलकर खुशियां बांटें। जो लोग नफरत फैलाकर एक-दूसरे को नीचा दिखाने में जुटे हैं, उन्हें थार की इस एकता से सीखना चाहिए। जब हम एक होकर रहेंगे, तभी हर मुश्किल का सामना आसानी से कर पाएंगे।” 2500 से अधिक रोजेदारों ने साथ खोला रोजा मरहूम गाजी फकीर की याद में आयोजित इस इफ्तार से पूर्व विशेष दुआओं का दौर चला। मुल्क में अमन-चैन, खुशहाली और आपसी भाईचारे की सलामती के लिए हजारों हाथ एक साथ दुआ में उठे। आयोजन में 2500 से अधिक रोजेदारों ने एक साथ बैठकर रोजा इफ्तार किया। कार्यक्रम में सालेह मोहम्मद के परिवार सहित क्षेत्र के कोने-कोने से आए ग्रामीण शामिल हुए। दिग्गज नेताओं का जमावड़ा राजनीतिक रूप से भी यह आयोजन काफी महत्वपूर्ण रहा। इफ्तार पार्टी में बाड़मेर-जैसलमेर के नवनिर्वाचित सांसद उम्मेदाराम बेनीवाल, पूर्व विधायक रूपाराम धनदे, बाड़मेर कांग्रेस जिलाध्यक्ष लक्ष्मण गोदारा, पूर्व विधायक पदमाराम मेघवाल, और जैसलमेर कांग्रेस जिलाध्यक्ष अमरदीन फकीर सहित कई वरिष्ठ नेताओं ने शिरकत की। सभी नेताओं ने सालेह मोहम्मद से मुलाकात कर इस सफल आयोजन की सराहना की और गाजी फकीर के सामाजिक योगदान को याद किया।


