अजमेर संभाग के सबसे बड़े जेएलएन हॉस्पिटल में गुरुवार को संविदा पर लगे हुए 227 नर्सिंगकर्मियों की ओर से इमरजेंसी के बाहर प्रदर्शन किया गया। नर्सिंग स्टाफ ने करीब 5 महीने से सैलरी नहीं मिलने और विभिन्न मांगों को लेकर नारेबाजी की गई। संविदा नर्सिंगकर्मियों ने इमरजेंसी के बाहर धरना देते हुए प्रदर्शन किया। इसके बाद प्रिंसिपल डॉक्टर अनिल सामरिया और अधीक्षक डॉक्टर अरविंद खरे से मुलाकात की गई। उन्हें विभिन्न मांगों का ज्ञापन दिया गया। नर्सिंग स्टाफ ने चेतावनी दी कि अगर 2 दिन के अंदर उनके अकाउंट में 5 महीने की सैलरी नहीं डाली गई तो सभी हड़ताल पर उतरेंगे। सविधा पर लगे कर्मचारियों ने परमानेंट नर्सिंग स्टाफ से भी समर्थन मांगा है। प्रिंसिपल डॉ अनिल समरिया ने मामले में कहा कि नर्सिंग कर्मियों ने अपनी मांगों से अवगत करवाया है। प्लेसमेंट कंपनी के अधिकारी को बुलाया है। नर्सिंग स्टाफ की सैलरी अगर नहीं जल्द दी गई तो ब्लैक लिस्ट करने कार्रवाई की जाएगी। उधार लेकर पेट्रोल डलवाना पड़ रहा महिला नर्सिंग कर्मचारी मीनाक्षी टाक ने बताया कि 4 से 5 महीने से सैलरी नहीं आई है। पीएफ तक अपडेट नहीं किया गया है। एक्सपीरियंस तक नहीं बनाया गया है। नर्सिंग की पढ़ाई करने के बाद भी 7 हजार में सेवाएं दे रहे हैं। टाइम पर तनख्वाह तक नहीं दी जा रहे। घर चलाने के लिए खर्च तक नहीं है। गाड़ी में पेट्रोल डलवाने के लिए लोगों से उधार लेना पड़ रहा है। हड़ताल पर जाने की दी चेतावनी नर्सिंग स्टाफ विशाल ने बताया कि 227 कर्मचारी पन्नाध्याय कंपनी के जरिए अस्पताल में लगे हुए हैं। अक्टूबर से सैलरी नहीं दी गई है। दिवाली-होली त्यौहार निकल चुका है, लेकिन अकाउंट में आज तक सैलरी नहीं मिली है। सरकार द्वारा आगामी भर्ती में फॉर्म तक भरने लायक नहीं छोड़ा गया है। इसे लेकर आज प्रदर्शन किया गया। अगर 2 दिन में मांग पूरी नहीं हुई तो हड़ताल पर उतरेंगे।


