बालाघाट जिले में शासन के निर्देशानुसार मुख्यमंत्री जनकल्याण और प्रशासन गांव की ओर अभियान का क्रियान्वयन हो रहा है। इसी के तहत बुधवार को कलेक्ट्रेट कार्यालय में कलेक्टर मृणाल मीना ने शिक्षा विभाग की समीक्षा की। बैठक में कलेक्टर ने कहा कि अभियान अंतर्गत स्कूलों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को हितग्राहीमूलक योजना निशुल्क साइकिल वितरण, विशेष आवश्यकता वाले विद्यार्थियों के लिए परिवहन, वाचन भत्ता और सीडब्ल्यूएसएन. बालिकाओं को उक्त भत्तों के साथ स्टॉयपंड की राशि का लाभ दिया जाए। बैठक में जिले के प्राथमिक और माध्यमिक शालाओं की कक्षा 1 से 8 में नामांकन में कमी पर कलेक्टर ने चिंता व्यक्त की। उन्होंने डीपीसी को निर्देशित किया कि छात्र-छात्राओं के गैप का मिलान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत से प्रदाय की गई सूची से सुनिश्चित करें। बैठक में जटाशंकर त्रिवेदी महाविद्यालय प्राचार्य ने महाविद्यालयों में शासन की योजनाओं में बीते साल की तुलना में स्नातक और स्नातकोत्तर पाठयक्रमों में दर्ज संख्या में कमी की जानकारी दी। बैठक के दौरान डीईओ और डीपीसी ने बताया कि जिले के 57 स्कूलों में पहली कक्षा में शून्य नामांकन है। भविष्य में ऐसे स्कूलों का संचालन आगामी वर्षो में शासन के नियम अनुसार किया जाना है। जिले के 299 स्कूलों में अभी तक अपार आर्डडी बनाने का कार्य प्रारंभ नहीं किया गया है। बैहर, बिरसा और परसवाडा में अधार कार्ड बनाने का कार्य धीमा है। कलेक्टर श्री मीना ने कार्य में गति लाने के लिए बीआरसी और बीईओ को निर्देशित किया।


