जयपुर में गुरुवार को निर्माण मजदूरों की 8 यूनियनों ने श्रम आयुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन किया। मूल रूप से विधानसभा पर प्रदर्शन की योजना थी। लेकिन सरकार और पुलिस से अनुमति नहीं मिलने के कारण श्रम आयुक्त कार्यालय पर प्रदर्शन किया गया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिला मजदूर भी शामिल हुईं। सीटू, इंटक, एटक और आरसीटू समेत विभिन्न संगठनों के नेताओं ने कार्यक्रम को संबोधित किया। इनमें सीटू प्रदेश अध्यक्ष भंवर सिंह शेखावत, इंटक के प्रदेश अध्यक्ष जगदीश राज श्रीमाली और एटक के प्रदेश महामंत्री कुणाल रावत प्रमुख थे। 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने श्रम आयुक्त से लंबी वार्ता की। श्रम आयुक्त ने 20 मार्च के बाद एक बैठक बुलाने का आश्वासन दिया। इस बैठक में मजदूर संगठनों की मांगों पर चर्चा की जाएगी। सभी वक्ताओं ने विधानसभा में प्रदर्शन की अनुमति नहीं देने को लोकतंत्र की हत्या बताया। मांगें पूरी नहीं होने पर जिला स्तर पर बड़ा आंदोलन करने का निर्णय लिया गया। साथ ही श्रम कानूनों में हो रहे बदलाव के खिलाफ केंद्रीय श्रम संगठनों के आंदोलन में भी शामिल होने का फैसला किया गया।


