रमजान के तीसरे जुमे के पर शुक्रवार को जामा मस्जिद और मदीना मस्जिदों में बड़ी संख्या में नमाजी पहुंचे। सुबह से ही मुस्लिम समुदाय में जुमे की नमाज को लेकर विशेष उत्साह देखा गया और लोग समय से पहले ही मस्जिदों में पहुंचने लगे। मौलवी अब्दुल रजा ने बताया कि रमजान का पूरा महीना गुनाहों से तौबा और अल्लाह की इबादत का महीना है। उन्होंने कहा कि इसी महीने में शब-ए-कद्र जैसी मुबारक रात आती है, जिसका दर्जा हजारों रातों से बेहतर है और इस रात में इबादत करने से अधिक सवाब मिलता है।


