जालंधर के गुरु गोविंद सिंह एवेन्यू के पास स्थित राम मंदिर के नजदीक युवकों ने एक ज़ेप्टो राइडर को अकेला पाकर उस पर जानलेवा हमला कर दिया। हमलावरों ने पहले राइडर की बाइक को अपनी गाड़ी से टक्कर मारी और फिर नीचे गिराकर नुकीली चीजों से सिर पर वार किए। इस जानलेवा हमले में पीड़ित युवक का सिर बुरी तरह फ्रैक्चर हो गया है और उसकी हालत अत्यंत गंभीर बनी हुई है। वहीं, पीड़ित परिवार ने पुलिस प्रशासन पर ढिलाई बरतने के गंभीर आरोप लगाए हैं। टक्कर मारकर सड़क पर गिराया, फिर किया हमला मिली जानकारी के अनुसार, पीड़ित की पहचान विनय सेठ के रूप में हुई है, जो ज़ेप्टो में डिलीवरी बॉय (राइडर) का काम करता है। घटना के समय विनय अपनी बाइक पर डिलीवरी देने के लिए गुरु गोविंद सिंह एवेन्यू के राम मंदिर वाले इलाके से गुजर रहा था। तभी अचानक एक कार में सवार होकर कुछ युवक वहां पहुंचे। उन्होंने अपनी गाड़ी से विनय की मोटरसाइकिल में जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर इतनी तेज थी कि विनय का संतुलन बिगड़ गया और वह सड़क पर गिर पड़ा। सिर पर नुकीली चीजों से किए ताबड़तोड़ वार इसके बाद कार सवार दबंग गाड़ी से नीचे उतरे और बिना किसी दया के विनय पर टूट पड़े। हमलावरों के सिर पर खून सवार था। उन्होंने विनय को संभलने का मौका तक नहीं दिया और उस पर जानलेवा हमला कर दिया। हमले के दौरान दबंगों ने विनय के सिर पर किसी नुकीली और भारी चीज से ताबड़तोड़ वार किए। इस हमले में विनय के सिर की हड्डी (स्कल) टूट गई और वह खून से लथपथ होकर मौके पर ही अचेत हो गया। मामूली सी बात पर किया खूनी खेल गंभीर रूप से घायल विनय सेठ को तुरंत नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसकी हालत बेहद नाजुक बताई जा रही है। डॉक्टर उसकी जान बचाने की लगातार कोशिश कर रहे हैं। घटना की सूचना मिलने के बाद अस्पताल पहुंचे परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पीड़ित परिवार का कहना है कि बेहद मामूली सी बात को लेकर कार सवार युवकों ने उनके बेटे पर इतना खौफनाक हमला कर दिया। पुलिस पर लगा ढिलाई का आरोप परिजनों ने बताया कि उन्होंने मामले की लिखित शिकायत पुलिस प्रशासन को दे दी है। हालांकि, उनका आरोप है कि शिकायत दर्ज कराने के बावजूद पुलिस ढीला रवैया अपना रही है और आरोपियों के खिलाफ कोई ठोस या सख्त कार्रवाई करती नजर नहीं आ रही है। पीड़ित परिवार ने पुलिस के उच्च अधिकारियों से न्याय की गुहार लगाई है। उन्होंने मांग की है कि घटना के सीसीटीवी फुटेज खंगालकर सभी हमलावरों को तुरंत गिरफ्तार किया जाए और उनके खिलाफ कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई कर उन्हें जेल की सलाखों के पीछे भेजा जाए।


