जल संकट: कांग्रेसियों ने फोड़े मटके, निगम में बजाया नगाड़ा, अफसर बोले- होली पर्व तक सुधरेगी व्यवस्था

भास्कर न्यूज | राजनांदगांव शहर में हो रही पेयजल समस्या को लेकर कांग्रेस ने सोमवार को प्रदर्शन किया। इसमें पटरी पार के हिस्सों में जल संकट से लेकर शहर में सिर्फ एक टाइम हो रही सप्लाई को लेकर विरोध दर्ज कराया। अफसरों पर लापरवाही का आरोप लगाया और जमकर नारेबाजी की। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हफीज खान, उत्तर ब्लाक अध्यक्ष आसिफ अली, पार्षद राजा तिवारी, अमित चंद्रवंशी सहित पूर्व पार्षद व संगठन पदाधिकारी नारेबाजी करते हुए नगर निगम पहुंचे। कांग्रेसी अपने हाथों में खाली मटके लेकर नारेबाजी कर रहे थे, इसके बाद निगम में आयुक्त कार्यालय के सामने ही कांग्रेस पार्षद व नेताओं ने चंद्रवंशी बजाकर प्रदर्शन किया। खाली मटके फोड़ते हुए कांग्रेसियों ने कहा कि गर्मी से पहले ही पटरी पार के वार्डों में जलसंकट गहरा गया है। इन हिस्सों में एक टाइम भी जरूरत के मुताबिक पानी नहीं मिल पा रहा। निगम के अफसरों ने पेयजल आपूर्ति को लेकर ठोस प्लानिंग नहीं की। इसका नतीजा है कि पटरी पार के 40 हजार से अधिक की आबादी को पानी के लिए परेशान होना पड़ रहा। चिखली, शांति नगर, स्टेशनपारा, गौरी नगर सहित हिस्सों में भीषण जलसंकट की स्थिति बन गई है। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेसी व वार्डवासी भी मौजूद रहे। शहर में जलसंकट दूर करने मोंगरा बैराज से पानी छोड़ा गया है। मोंगरा बैराज से करीब 11 एनीकट को पार कर यह पानी मोहारा एनीकट पहुंचता है। लेकिन इस बीच पानी की चोरी की भी शिकायत सामने आई है। कई जगहों पर एनीकट का गेट ब्लाक कर पानी रोका जा रहा है। वहीं इस पानी को पंप से खिंचा जा रहा है। क्षेत्र के निरीक्षण के बाद इसे लेकर सिंचाई विभाग ने पुलिस प्रशासन को पत्र भी लिखा है। जिसमें शिवनाथ नदी से पानी चोरी करने वालों पर कार्रवाई की मांग विभाग ने की है। कमजोर प्लानिंग की वजह से ही एक टाइम सप्लाई, 7 दिन का अल्टीमेटम कांग्रेस पार्षदों और नेताओं ने आरोप लगाया कि नगर निगम के अफसर ठोस प्लानिंग नहीं बना सके। यही वजह है कि शहर में पहली बार गर्मी से पहले ही सिर्फ एक टाइम नलों से आपूर्ति की स्थिति बनी है। इसके लिए निगम के अफसर ही जिम्मेदारी है। वहीं जनप्रतिनिधि भी इस गंभीर स्थिति को लेकर अनदेखी करते रहें। जिसका नतीजा है कि आज शहर के लोगों को जरूरत के मुताबिक पानी भी उपलब्ध नहीं हो पा रहा है। कांग्रेसियों ने सांसद-विधायक के खिलाफ भी नारेबाजी की। उन्होंने आयुक्त अतुल विश्वकर्मा को ज्ञापन सौंपकर एक सप्ताह में व्यवस्था सुधारने की मांग की। व्यवस्था नहीं सुधरने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है। मोहारा एनीकट में सिल्ट की सफाई हुई, रेत की निकासी नहीं की जाएगी इधर प्रशासन ने मोहारा एनीकट में स्टोरेज बढ़ाने के लिए सिल्ट हटाने का काम लगभग पूरा कर लिया है। सबसे अधिक सिल्टिंग वाले हिस्से में जेसीबी से सिल्ट हटाने का कार्य किया गया है। वहीं इंटकवेल के हिस्से को भी गहरा किया गया है। ताकि पानी का स्टोरेज अधिक से अधिक हो सके। बता दें कि सिल्ट की वजह से एनीकट के 40 फीसदी हिस्से में जलभराव नहीं हो पा रहा था। इधर प्रशासन ने पानी की जरूरत और मोंगरा से आए रिजर्व खेप को देखते हुए नदी से रेत हटाने का प्लान भी बदल दिया है। अब मौजूद पानी की सुरक्षा और फिजूल खर्ची को लेकर निगरानी कड़ी की जाएगी।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *