बालोद जिले के गुरूर ब्लॉक में कृषि भूमि पर अवैध प्लॉटिंग का मामला सामने आया है। दानीटोला में नहर के किनारे जमीन पर मुरम डालकर टुकड़ों में प्लॉटिंग की जा रही है। कलेक्टर इंद्रजीत सिंह चंद्रवाल ने इस मामले में तहसीलदार को मौके पर भेजकर कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। यहां लंबे समय से अवैध प्लॉटिंग का काम चल रहा है। एक जगह तो डायवर्सन न होने वाले सूखे तालाब में भी प्लॉटिंग कर दी गई है। सरकार को राजस्व का नुकसान गुरुनानक मैरिज पैलेस के पास कृषि जमीन पर मुरम बिछाया जा रहा है। इस अवैध प्लॉटिंग से न केवल खरीदारों को बुनियादी सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं, बल्कि सरकार को भी राजस्व का नुकसान हो रहा है। कलेक्टर ने अपर कलेक्टर के साथ इस मामले पर चर्चा की है। उन्होंने कहा कि स्थानीय अधिकारियों की अनदेखी के बावजूद अवैध प्लॉटिंग का काम जारी है। भूमिस्वामी कालोनाईज अधिनियम और भूमि विकास अधिनियम 1984 का उल्लंघन कर रहे हैं। रेरा में पंजीयन कराना जरूरी नियमों के मुताबिक, एक खसरा नंबर को 3 से अधिक टुकड़ों में बांटने पर वह अवैध प्लॉटिंग की श्रेणी में आता है। इसके लिए रेरा (रियल एस्टेट विनियामक प्राधिकरण) में पंजीयन कराना जरूरी है। लेकिन पटवारी की मिलीभगत से यह अवैध कार्य किया जा रहा है, जिससे करोड़ों की अवैध कमाई की जा रही है। ये हैं संभावित खसरा नंबर राजस्व विभाग के वेबसाइट से मिली जानकारी के अनुसार खसरा नंबर 26/1 और खसरा नंबर 887/5 में अवैध प्लॉटिंग किया जा रहा है। जिसे लेकर अब कलेक्टर ने जांच के बाद कार्रवाई की बात कही है।


