ग्वालियर सेंट्रल जेल में बंद महिला की अस्पताल में मौत हो गई। शहर के टोपे वाला मोहल्ला निवासी रचना प्रजापति (42) को जयारोग्य समूह के एक हजार बिस्तर अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जेल प्रशासन का कहना है कि महिला को लूज मोशन की शिकायत थी। चेक बाउंस के केस में कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने 2 दिसंबर को महिला को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। 14 दिसंबर को जेल के अस्पताल वार्ड में भर्ती किया गया। हालत में सुधार नहीं होने पर 16 दिसंबर को जयारोग्य अस्पताल लाया गया था। गुरुवार, 19 दिसंबर की सुबह 11 बजे महिला की मौत हो गई। परिवार ने जेल प्रशासन पर लापरवाही के आरोप लगाए हैं। बेटे ने लगाए जेल प्रशासन पर आरोप रचना के बेटे अंकित ने जेल प्रशासन पर आरोप लगाते हुए कहा है कि 16 दिसंबर को मां से जेल में मिलने गया था। काफी देर तक बैठा रहा, लेकिन जेल प्रशासन ने मिलने नहीं दिया। बाद में जेल प्रशासन ने बताया कि मां की तबीयत बिगड़ गई थी। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जब में एक हजार बिस्तर अस्पताल पहुंचा, तो मां की तबीयत ज्यादा बिगड़ी हुई थी। वे वेंटिलेटर पर थीं। आज सुबह उनकी मौत हो गई। जेल की कर्मचारी कागज पर मां का अंगूठा लेकर उनके शव को यहीं छोड़ कर चली गई। जेल अधीक्षक बोले- 18 को अस्पताल से रिहा कर दिया था केंद्रीय जेल अधीक्षक विदित सरवइया का कहना है कि चेक बाउंस के मामले में महिला जेल आई थीं। 18 तारीख को उनकी सजा पूरी हो गई थी। अस्पताल में ही उन्हें उनके परिजन को सौंप दिया था।


