प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के माउंट आबू मुख्यालय एवं झारखंड सरकार के संयुक्त तत्वावधान में दिव्यांग जनों के सशक्तिकरण लिएचलाए जा रहे दिव्यांग जन समानता, संरक्षण एवं सशक्तीकरण अभियान का कार्यक्रम स्थानीय ब्रह्मकुमारीज शाखा, शिव दर्शन भवन, घाटो बगीचा के सहयोग से गुमला जिले के मूख बधिर, दृष्टिबाधित विद्यालय, सिलम में किया गया। इस संदर्भ में महिला, बाल विकास एवं सामाजिक सुरक्षा विभाग, झारखण्ड सरकार के साथ पत्राचार करने पश्चात झारखंड में स्थित 27 दिव्यांग विद्यालय के रूट चार्ट एवं योजनाएं तैयार की गई हैं। कार्यक्रम में हेडक्वार्टर से आए मुख्य वक्ता भी के सूर्य प्रकाश राव, बी के कालीचरण भाई, राज योगिनी शांति दीदी, बाल सुधार ग्रह के अधीक्षक अविनाश कुमार गिरी, काउंसलर तहसीन तरन्नुम, संगीता कुमारी, मुख बधिर विद्यालय से प्रीतम कुमार सोमनाथ चंद्रा, अभिनव कुमार, पार्वती कुमारी, अनिता कुमारी, इत्यादि समेत भारी संख्या में संस्थान के सदस्य सहभागी बने। कार्यक्रम को रिटायर्ड एयर फोर्स ऑफिसर ब्रह्मा कुमार सूर्य प्रकाश राव, रिटायर्ड आर पी एफ सब इंस्पेक्टर कालीचरण भाईसंचालित किया गया। मुख्य वक्तव्य एवं विभिन्न गतिविधियों के द्वारा सूर्य प्रकाश ने बच्चों को मानसिक एवं आध्यात्मिक रूप से सशक्त बनाने हेतु प्रयास किया। इसके लिए उन्होंने संस्थान के स्थानीय सदस्यों को प्रशिक्षण भी प्रदान किया।उन्होंने कहा कि अब तक भारत के 11 राज्यों में अभियान पूर्ण करने के पश्चात झारखंड 12वां राज्य है। राजधानी रांची एवं हजारीबाग में के पश्चात गुमला से होते हुए जमशेदपुर और बोकारो में 8 जनवरी तक पूर्ण किया जाएगा। कार्यक्रम का उद्देश्य यह है कि जो मुख बधिर एवं दृष्टि बाधित बच्चे अथवा व्यस्क है, वे मानसिक एवं आध्यात्मिक दृष्टिकोण से सशक्त बनें। इस अभियान के माध्यम से उन्हें समान अवसर, संरक्षण व समानता का भाव प्राप्त करने हेतु सजग किया जाएगा। साथ ही आध्यात्मिक रूप से सशक्त बनने के लिए हमें राजयोग जीवन शैली अथवा अन्य सशक्तिकरण के उपाय अपनाना चाहिए। वर्तमान तनावपूर्ण वातावरण में हमें यह उपाय जीवन को सरल बनाने में मदद करेंगे। यह अभियान पूरे भारतवर्ष के 28 राज्यों और आठ केंद्र शासित प्रदेशों में भ्रमण करेगी।


