एजुकेशन रिपोर्टर | रांची डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी यूनिवर्सिटी (डीएसपीएमयू) के डॉ. राम दयाल मुंडा खेल मैदान में एक संगठन द्वारा कार्यक्रम करने के विरोध में गुरुवार को छात्र संगठन द्वारा विरोध प्रदर्शन करते हुए तालाबंदी की गई। विरोध के चलते यूजी- पीजी की अधिकांश कक्षाएं नहीं चलीं। प्रशासनिक कार्य ठप रहे। वहीं प्रैक्टिकल एग्जाम निर्धारित समय से तीन घंटे बाद आयोजित हो सका। लगभग छह घंटे तक प्रशासनिक भवन में तालाबंदी रही। आदिवासी छात्र संघ (एससीएस) और ऑल इंडिया स्टूडेंट एसोसिएशन (आईसा) के बैनर तले सुबह 9 बजे कैंपस में स्टूडेंट्स पहुंच गए और घूम-घूमकर क्लास बंद करा दिया। न्यू बिल्डिंग में एमसीए के 125 छात्रों का 10.30 बजे से प्रैक्टिकल एग्जाम होना था, जिसके लिए बाहर से एक्सपर्ट भी आ गए थे। लेकिन विरोध प्रदर्शन के चलते निर्धारित समय से प्रैक्टिकल एग्जाम शुरू नहीं हो सका। प्रदर्शन कर रहे छात्र न्यू बिल्डिंग से नारेबाजी करते हुए प्रशासनिक भवन पहुंचे और ताला जड़ दिया। इसके बाद वहीं धरना पर बैठकर नारेबाजी करने लगे। नेतृत्व कर रहे एसीएस के अमृत मुंडा, दीपिका कच्छप और आईसा के विजय कुमार, संजना मेहता ने कहा कि विवि के मैदान को बाहरी संगठन को कार्यक्रम के लिए दिया जा रहा है। किसके आदेश से दिया गया है। बिना अनुमति के बाहरी लोगों ने कार्यक्रम किया है तो प्राथमिकी दर्ज की जाए। तालाबंदी और विरोध प्रदर्शन कर रहे सदस्यों को रजिस्ट्रार डॉ. नमिता सिंह और प्रॉक्टर डॉ. राजेश कुमार ने समझाने की कोशिश की। लेकिन प्रदर्शनकारी नहीं माने। वे लोग वीसी से बात करने को लेकर अड़े थे। डीएसडब्ल्यू डॉ. सर्वोत्तम कुमार कैंपस में रहने के बाद भी छात्रों से मिलने नहीं पहुंचे। तालाबंदी कार्यक्रम में मुख्य रूप से सोनम लकड़ा अभिषेक राज, सुनील सोरेन, बादल भोक्ता, वसीम अंसारी, सोनू तांती, अनुराग कुमार, राहुल मंडल, छोटूराम महतो समेत अन्य थे।


