जल जीवन मिशन के अधूरे कार्यों पर भड़के सदस्य:जिला परिषद की साधारण सभा में हंगामा, मनरेगा में 32 अरब से ज्यादा की कार्ययोजना का अनुमोदन

जिला परिषद की साधारण सभा की बैठक शुक्रवार को जिला प्रमुख सूर्या अहारी की अध्यक्षता में जिला परिषद सभागार में हुई। जल जीवन मिशन के कार्यों में लेटलतीफी, अधूरे कामों पर सदस्यों ने जमकर हंगामा किया। अधिकारियों पर लापरवाही के आरोप लगाए। मनरेगा योजना में वर्ष 2025-26 की 32 अरब 56 करोड़ 52 से ज्यादा की वार्षिक कार्ययोजना का अनुमोदन किया गया। लंबे समय बाद हो रही बैठक में सबसे पहले सागवाड़ा विधायक शंकर डेचा, चौरासी विधायक अनिल कटारा और आसपुर विधायक उमेश मीणा का स्वागत अभिनंदन किया गया। वहीं, इसके बाद बैठक शुरू हुई। बैठक में जल जीवन मिशन के कार्यों का मुद्दा छाया रहा। सदस्यों ने मिशन के तहत अधूरे कार्यों पर जलदाय विभाग को खूब सुनाया और लापरवाही के आरोप लगाए। सदस्यों ने कहा कि जलदाय विभाग के ठेकेदारों ने पंचायतों में पाइप लाइन बिछाने के लिए सड़कों को खोद डाला, लेकिन डेढ़ से 2 साल का समय बीतने के बाद भी ना तो योजना में काम पूरा हुआ है और न ही लोगों के घर तक नलों में पानी पहुंचा है। वहीं, सड़कें भी खुदी पड़ी है। जिसके चलते लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई गांवों में काम अधूरा पड़ा है। करोड़ों खर्च करने के बाद काम पूरा बता दिया, लेकिन घरों तक पानी नहीं पहुंचा है। विभागीय अधिकारियों की लापरवाही के चलते योजना का काम ठप से पड़े है। सदस्यों के आरोपों के बाद कलेक्टर ने जलदाय विभाग के अधिकारियों को पूरे ओर अधूरे कार्यों की सूची भिजवाने के निर्देश दिए है। बैठक में सदस्यों ने कृषि कनेक्शन के नाम पर राशि वसूलने, लाइनमैन के शराब पीकर कार्य करने की भी शिकायतें की। बैठक में रसद विभाग, शिक्षा विभाग, सिंचाई विभाग, सार्वजनिक निर्माण विभाग सहित अन्य विभागों की योजनाओं ओर कार्यों की भी समीक्षा की गई। वही बैठक में मनरेगा योजना में वर्ष 2025 – 26 की 32 अरब 56 करोड़ 52 से अधिक की वार्षिक कार्ययोजना का अनुमोदन भी किया गया।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *