जमीन बिक्री के नाम पर 16 लाख की ठगी:रायगढ़ के व्यवसायी के साथ जगदलपुर के ठगो ने की धोखाधड़ी, एजेंट के माध्यम से जमीन का कराया गया था सौदा, थाना में FIR दर्ज

छत्तीसगढ़ के रायगढ़ में लाखों की धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। जिसमें वन विभाग द्वारा अधिग्रहित किए जाने वाली भूमि की वास्तविक्ता छिपाकर उस भूमि की बिक्री के नाम पर रियल एस्टेट के व्यवसायी को 16 लाख रूपए ठग लिए गए। एजेंट समेत तीन लोगों ने मिलकर धोखाधड़ी की घटना को अंजाम दिया है। मामला कोतवाली थाना क्षेत्र का है। मिली जानकारी के मुताबिक जगतपुर निवासी इंद्रपाल सिंह भाठिया 65 साल ने कोतवाली थाना में रिपोर्ट दर्ज कराया कि उनका रियल एस्टेट का व्यवसाय है। कुछ समय पहले अजय घोड़े नामक जमीन एजेंट से परिचय हुआ। जिसके माध्यम से इंद्रपाल सिंह द्वारा पूर्व में भूमि खरीदी की गई थी। तब कुछ दिन बाद अजय घोड़े ने इंद्रपाल सिंह के ऑफिस में आकर बताया कि जगदलपुर में रहने वाले पवन कुमार भदोरिया व साकेश भदोरिया के हक व स्वामित्व की सुकमा जिला के ग्राम डोडपाल में 9 अलग अलग खसरा नंबर की कुल 54.97 एकड़ भूमि है। जिसे वे लोग रूपए की जरूरत होने पर बेचना चाहते हैं। 1 लाख 85 हजार रूपए प्रति एकड़ की दर से हुआ सौदा
ऐसे में इंद्रपाल सिंह ने जमीन एजेंट अजय को बिक्री किए जाने वाली जमीन को दिखलाने की बात कही। तब अजय ने बताया कि वह उस भूमि को देखा हुआ है और अन्य पार्टी भी उसे खरीदने के लिए संपर्क कर रहे हैं। ऐसे में जमीन एजेंट अजय की बात पर इंद्रपाल सिंह ने विश्वास कर लिया और उसी समय मोबाईल पर पवन कुमार व साकेश से बात करते हुए 1 लाख 85 हजार रूपए प्रति एकड़ की दर से सौदा तय किया गया।
7 लाख 50 हजार के दो चेक दिए
इसके बाद जमीन खरीदी के लिए 14 मई 2024 को इकरारनामा तैयार कराया गया। उसी दिन 7 लाख 50 हजार रूपए का दो अलग अलग चेक एडवांस के तौर पर पवन कुमार व साकेश के लिए अजय को देते हुए, इ्रंदपाल सिंह ने कमीशन के नाम पर नगद 1 लाख रूपए अजय को दिया और 15 सितबंर 2024 तक सौदा पूरा कराने की बात हुई।
जमीन का पता करने पर हुआ खुलासा
इंद्रपाल सिंह ने दर्ज कराए गए रिपोर्ट में बताया कि बिक्री इकरारनामा कराते समय पवन कुमार, साकेश व अजय घोड़े के द्वारा उस भूमि को अविवादित बताया था। बाद में इंद्रपाल सिंह व उसके परिचित विक्रम रतेरिया ने अपने स्तर पर उस जमीन का पतासाजी किया, तब जानकारी हुआ कि उस भूमि को 26 सितबंर 2023 को वन विभाग सुकमा द्वारा अधिग्रहण करने के लिए वहां कब्जा कर रहने वाले कुछ लोगों को नोटिस दिया है और उस भूमि पर खेती भी किया जा रहा है।
पता चलने पर जमीन एजेंट विक्रेता करने लगे टालमटोल
ऐसे में जमीन की पूरी जानकारी मिलने के बाद अजय घोड़े, पवन कुमार व साकेश भदोरिया से संर्पक किया गया, तो वे लोग टाल-मटोल करने लगे। इससे इंद्रपाल सिंह समझ गया कि जमीन की वास्तविक्ता को छिपाकर और फर्जी दस्तावेज दिखाकर उसके साथ धोखाधड़ी किया गया है। जिसके बाद इंद्रपाल सिंह कल कोतवाली थाना पहुंचा और रिपोर्ट दर्ज कराया है। जहां मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ धारा 420, 34 का अपराध दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *