नवा रायपुर में बचेगी आर्चरी एकेडमी:10 एकड़ की जमीन तय, इंटरनेशनल लेवल की ट्रेनिंग हासिल करेंगे आदिवासी खिलाड़ी

प्रदेश में तीरंदाजी का खेल आदिवासी इलाकों में खूब खेला जाता है। वहां की परंपरा का हिस्सा है। यही वजह है कि आर्चरी कॉम्पटीशंस में कई आदिवासी खिलाड़ी प्रदेश को मैडल दिला चुके हैं। इन खिलाड़ियों के लिए नवा रायपुर में एकेडमी बनने जा रही है। नवा रायपुर अटल नगर में राष्ट्रीय स्तर की अत्याधुनिक तीरंदाजी अकादमी की स्थापना होगी। खेल एवं युवा कल्याण विभाग के प्रस्ताव पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय और आवास एवं पर्यावरण मंत्री ओपी चौधरी के निर्देश पर जमीन तय कर ली गई है। नवा रायपुर अटल नगर विकास प्राधिकरण ने लगभग 10.03 एकड़ भूमि का देने का प्रोजेक्ट बनाया है। यह भूमि सेक्टर-33 के ग्राम उपरवारा क्षेत्र में स्थित है, जिसका कुल क्षेत्रफल 40,614.216 वर्गमीटर है। मिली जानकारी के अनुसार खेल एवं युवा कल्याण विभाग को 90 वर्षों की लीज पर जमीन मिलेगी।तीरंदाजी अकादमी के निर्माण में एनटीपीसी लिमिटेड (NTPC) अपनी कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) योजना के तहत होगा। यहां आउटडोर और एयरकंडिशंड इनडोर तीरंदाजी रेंज, हाई परफॉर्मेंस ट्रेनिंग सेंटर, हॉस्टल बनेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा- अकादमी के बनने से नवा रायपुर न केवल खेल के क्षेत्र में एक नई पहचान बनाएगा, बल्कि यह देश के युवा तीरंदाजों के लिए एक उत्कृष्ट प्रशिक्षण केंद्र के रूप में उभरेगा। यह पहल खेलों के विकास और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तैयार करने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।

FacebookMastodonEmail

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *