झारखंड के सरकारी कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर है। जिन कर्मचारियों का सैलरी अकाउंट भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) में है, सेवाकाल के दौरान दुर्घटना में मौत होने पर उनके परिजनों को एक करोड़ रुपए का दुर्घटना बीमा मिलेगा। इस योजना का लाभ सिर्फ स्थाई कर्मचारियों को नहीं, बल्कि कॉन्ट्रैक्ट कर्मियों को भी दिया जाएगा। वहीं जिनकी अभी एसबीआई में सैलरी अकाउंट नहीं है, भविष्य में अगर वे वहां खाता खोलेंगे तो उन्हें भी इसका लाभ मिलेगा। इसके लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की मौजूदगी में 17 अप्रैल को प्रोजेक्ट बिल्डिंग सभागार में एसबीआई और वित्त विभाग के बीच एमओयू होगा। इसकी तैयारी पूरी कर ली गई है। एसबीआई ने इसी साल जनवरी में झारखंड सरकार को इस आशय का प्रस्ताव दिया था। इसके बाद बैंक ऑफ इंडिया, बैंक ऑफ बड़ौदा, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, एचडीएफसी और आईसीआईसीआई बैंक ने भी ऐसा प्रस्ताव सरकार को दिया। फिर राज्य सरकार ने इन बैंकों के साथ बैठक की। अब एसबीआई के ऑफर को मंजूरी दी गई। उसके बाद एमओयू की तिथि तय की गई। दो लाख से अधिक कर्मचारियों को मिलेगा इसका सीधा लाभ यह योजना लागू होने पर झारखंड के दो लाख से अधिक सरकारी अधिकारियों और कर्मचारियों को इसका सीधा लाभ होगा। इस समय राज्य में करीब 1.75 लाख नियमित अधिकारी और कर्मचारी हैं। इनमें से करीब 70 हजार पुलिसकर्मी हैं, जबकि 50 हजार से अधिक कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारी हैं। इनमें से अधिकतर अधिकारियों-कर्मचारियों का सैलरी अकाउंट एसबीआई में है। राज्य की अधिकतर ट्रेजरी भी एसबीआई से जुड़ी है। पुलिसकर्मियों के लिए एसबीआई की ओर से सितंबर 2024 से इस तरह की योजना लागू है। अब सभी अधिकारियों-कर्मचारियों के लिए यह योजना लागू की जा रही है। पुलिसकर्मियों के लिए दिसंबर 2024 से चल रही यह योजना बैंक ऑफ इंडिया ने दिसंबर 2024 से पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए ऐसी योजना शुरू की है। इसके लिए झारखंड पुलिस और बैंक ऑफ इंडिया के बीच पिछले साल दिसंबर में एमओयू हुआ था। इसके बाद बैंक ऑफ इंडिया ने पुलिसकर्मियों के लिए यह योजना शुरू की थी। इसका लाभ करीब 70 हजार पुलिसकर्मियों को मिल रहा है। अब सरकार ने दुर्घटना बीमा का दायरा बढ़ाते हुए सभी कर्मचारियों को यह सुविधा देने का फैसला लिया है। बैंक ऑफ इंडिया ने भी दिया था ऐसा प्रस्ताव, पर नहीं बनी बात बैंक ऑफ इंडिया ने वित्त सचिव को दिए प्रस्ताव में कहा था कि झारखंड के जिन सरकारी कर्मचारियों का सैलरी अकाउंट बैंक ऑफ इंडिया में होगा, सेवाकाल में दुर्घटना में मौत होने पर उनके परिजनों को एक करोड़ रुपए की आर्थिक सहायता दी जाएगी। बैंक ऑफ इंडिया ने कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों के लिए भी यह सुविधा उपलब्ध कराने की पेशकश की थी। लेकिन बात नहीं बनी। सूत्रों का कहना है कि एसबीआई के प्रस्ताव में कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों के लिए कोई व्यवस्था नहीं थी। बाद में एसबीआई कॉन्ट्रैक्ट कर्मचारियों को भी यह सुविधा देने पर सहमत हुआ। इसके बाद बात बनी। फिर एमओयू की तिथि तय की गई।


