वैसे तो शिक्षा विभाग ने प्रदेश के सरकारी व गैर सरकारी स्कूल के बच्चों को दस बजे स्कूल बुलाने के आदेश दिए हुए हैं लेकिन “रन फॉर विकसित राजस्थान” में दौड़ के लिए सुबह सात बजे ही बच्चों को नगर निगम परिसर में एकत्र कर लिया गया। ये बच्चे सर्दी की ठिठुरन सहन करते हुए इस दौड़ में शामिल हुए। आला अधिकारियों ने हरी झंडी दिखाई तो बच्चे डॉ. करणी सिंह स्टेडियम से रविंद्र रंगमंच तक के करीब तीन किलोमीटर लंबे रुट पर पैदल चले। राजस्थान सरकार का एक वर्ष का कार्यकाल पूरा होने पर जिला प्रशासन की ओर से ये आयोजन किए जा रहे हैं। इसी के तहत गुरुवार को “रन फॉर विकसित राजस्थान” रखा गया। स्टूडेंट्स को डॉ. करणी सिंह स्टेडियम आना पड़ा, जहां से वे रविंद्र रंगमंच के ओपन थियेटर तक पैदल पहुंचे। इनके आगे पुलिस बैंड राष्ट्र भक्ति के गीत की धुन बजा रहा था और पीछे बच्चे चल रहे थे। कहने को ये रन यानी दौड़ थी लेकिन रैली की तरह ही बच्चे रविंद्र रंगमंच के पास पहुंचे। सर्दी के कारण बच्चों ने गर्म कपड़े पहन रखे थे लेकिन इसके बाद भी पहले डॉ. करणी सिंह स्टेडियम के खुले मैदान में और बाद में सड़क पर सर्दी सहते हुए इस रन को पूरा करना पड़ा। संभागीय आयुक्त वंदना सिंघवी और जिला कलक्टर नम्रता वृष्णि ने डॉ. करणी सिंह स्टेडियम से दिखाई हरी झंडी दिखाई। रन में राजस्थान पुलिस, एनसीसी, स्काउट, गाइड, नर्सिंग सहित स्कूल और कॉलेज के विद्यार्थी बड़ी संख्या में रहे मौजूद रहे। स्टेडियम से रवाना होकर रन नगर निगम के आगे से जूनागढ़ होते हुए रवींद्र रंगमंच के ओपन थिएटर में पहुंची। इससे पहले सभी दलों के प्रभारी को सम्मानित किया गया। इस मौके पर नगर निगम आयुक्त मयंक मनीष, अतिरिक्त कलेक्टर (नगर) रमेश देव, निगम उपायुक्त यशपाल आहूजा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे। समय परिवर्तन के आदेश शिक्षा निदेशक ने बीकानेर से ही बच्चों को सर्दी में दस बजे स्कूल बुलाने के आदेश दिए थे। वहीं गुरुवार को स्वयं शिक्षा विभाग के अधिकारी ही इन स्टूडेंट्स को लेकर डॉ. करणी सिंह मैदान पहुंचे। अधिकांश स्टूडेंट्स सरकारी स्कूल के थे।


