निगम ने 40 खूह एरिया में ढाई एकड़ पर 20 हजार पौधे लगवा कर मियावाकी पार्क तैयार कराया था। पर्यावरण को बेहतर बनाने के लिए निगम कमिश्नर ने वर्धमान कंपनी को ही इसी जगह के आसपास 3 एकड़ पर 30 हजार पौधे लगाने की मंजूरी दी है। यह सूबे का 9वां फॉरेस्ट होगा। इसके पहले 8वां 40 खूह में ही तैयार कराया गया है। बीते 2 अप्रैल को डीसी साक्षी साहनी ने इस पार्क का उद्घाटन किया था। कंपनी के प्रोजेक्ट हैड अमित धवन ने बताया कि प्रकृति प्रोजेक्ट के तहत 80 लाख रुपए खर्च कर 4 माह में पौधे तैयार कराएगी। जिसके लिए तैयारी शुरू कर दी गई है। ड्राइंग तैयार करने के बाद निगम कमिश्नर को सौंपने के दो-चार दिनों में ही पौधे लगेंगे। ड्राइंग पहले का बना हुआ है, उसी को ऐड कर दिया जाएगा। प्रोजेक्ट हैड अमित धवन ने बताया कि मानसून से पहले ही पौधे रोपने का प्लान तैयार किया गया है, ताकि बारिश में तेजी से बढ़ें। जगह देने को लेकर निगम से कांट्रेक्ट हो चुका है। कंपनी ढाई साल तक खुद देखभाल करेगी फिर प्रशासन को सौंप देंगे। उन्होंने बताया कि इसके पहले पार्क तैयार करने में करीब 8 माह लग गए थे। लेकिन अब बिजली-पानी का उचित इंतजाम होने पर 4 से 5 माह ही लगेंगे। 2 साल तक पौधों को पानी देने व सुरक्षा के बाद अपने आप बड़े होते जाएंगे। 5 से 10 एकड़ तक की जगह इस पार्क को तैयार करने के लिए सबसे बेस्ट है। जिस बारे प्रशासन व निगम अफसरों से चर्चा की थी। पर्यावरण बेहतर करने को लेकर अफसरों का काफी सहयोग मिल रहा है। आने वाले समय में हरियाली, हर जगह देखने को मिलेगी। उन्होंने बताया कि वाइस चेयरमैन सचित जैन का सपना है कि देशभर में वह 1 हजार एकड़ जगह में मियावाकी पार्क तैयार करेंगे। इस दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। लुधियाना में 7 जगह सवा लाख पौधे पहले ही लगवाए जा चुके हैं। इन पौधों की खास बात यह है कि वृद्धि 10 गुना अधिक तेजी से होती है, और वनस्पति सामान्य से 30 गुना अधिक सघन पाए जाते हैं।


