जम्मू कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को आतंकियों ने जब पर्यटकों पर हमला किया, तब चारों तरफ अफरातफरी मच गई। इस दौरान पहले ये अफवाह फैली कि सेना के जवान ने किसी स्थानीय को गोली मार दी है। इसके बाद वहां सारी दुकानें बंद हो गई और कर्फ्यू लग गई। यह बातें बिलासपुर नगर निगम के चीफ इंजीनियर राजकुमार मिश्रा ने दैनिकभास्कर को बताई।श्रीनगर में ट्रेनिंग के साथ वो अपने परिवार के साथ घूमने गए हैं। उन्होंने बताया कि श्रीनगर में ट्रेनिंग के बाद 21 अप्रैल की रात पहलगाम पहुंचे। उनके साथ स्मार्ट सिटी के मैनेजर एसपी साहू और परिवार के सदस्यों में पत्नी मंजू मिश्रा, बेटी खुशी मिश्रा और ख्याति मिश्रा शामिल हैं। साथ ही एसपी साहू की पत्नी रितु साहू भी हैं। एक दिन पहले तक पहलगाम में सब ठीक था। सैलानी घूम रहे थे। लिहाजा, उन्होंने भी आसपास के पर्यटक स्थलों को देखा। 22 अप्रैल को उनकी बैसरन जाने की योजना थी। लेकिन, अचानक हुए हमले के बाद उन्हें प्लान बदलना पड़ा। जहां हुआ हमला वहीं जाने का था प्लान उन्होंने बताया कि जहां हमला हुआ वहां जाने की तैयारी थी। वह दुर्गम और पहाड़ी रास्ता से होकर जाता है। लेकिन, हमले की खबर मिलते ही सेना के जवानों ने पर्यटकों को रोक दिया। चारों तरफ मची अफरातफरी, दुकानें बंद जैसे ही हमले की खबर मिली वहां अफरातफरी का माहौल बन गया। पर्यटक सुरक्षित होटलों में पहुंचने की कोशिश करते रहे। वहीं सेना के जवानों की हलचल बढ़ गई। देखते ही देखते कर्फ्यू सा नजारा दिखने लगा। कहा- हम सभी सुरक्षित, वापस लौटने की है तैयारी उन्होंने बताया कि होटल में हमारी मदद की गई। हमें सुरक्षित ठहराया गया। हमारा परिवार पूरी तरह सुरक्षित है और अब हम वापस बिलासपुर लौटने की तैयारी कर रहे हैं।


