नारायणपुर| छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में जनकल्याण और सुशासन की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम के रूप में सुशासन तिहार का आयोजन किया गया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की यह अभिनव पहल नागरिकों की मांग, शिकायत और समस्याओं के त्वरित समाधान किए जाने के लिए जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रभावी समीक्षा और जिला प्रशासन तथा जनता के बीच सशक्त संवाद भी साकार हो रहा है। कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं के द्वारा जिले के सभी विभागीय अधिकारियों को शतप्रतिशत आवेदनों का 30 अप्रैल तक निराकरण कराने निर्देशित किया गया है। जिले में सुशासन तिहार में 15 हजार 824 आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिसमें मांग के 15 हजार 616 और शिकायत के 208 आवेदन प्राप्त हुए हैं। सभी आवेदनों में से 486 आवेदनों का निराकरण किया गया है। आदिवासी विकास विभाग में 48 आवेदन, गृह निर्माण मंडल में 55, उद्यानिकी में 242, विद्युत विभाग में 298, कृषि में 494, महिला आईटीआई में 1, रोजगार कार्यालय में 24, खनिज में 4, खाद्य विभाग में 1134, खेल एवं युवा कल्याण में 9, पुलिस में 1, ग्रामोद्योग में 13, जिला कार्यालय शिकायत शाखा में 2, जल संसाधन में 45, नगर पालिका में 2, पंचायत में 50, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा में 5 आवेन आए।


