पहलगाम आतंकी हमले के बाद से घाटी मे सेना का एक्शन जारी है। शुक्रवार को 4 आतंकियों के घर धमाके कर ध्वस्त किए गए। त्राल में आतंकी आसिफ शेख और अनंतनाग में आदिल ठोकेर का घर में ब्लास्ट किया गया। पुलवामा के मुर्रान में जैश-ए-मोहम्मद के एक्टिव आतंकी अहसान उल हक घर उड़ाया गया। हक ने 2018 में पाकिस्तान जाकर ट्रेनिंग ली थी। पुलवामा के ही काचीपोरा इलाके में LeT आतंकी हारिस अहमद का घर ध्वस्त किया गया। पहलगाम आतंकी हमले को चौथे दिन दिन भर मीटिंगों का दौर चला। गृहमंत्री शाह के घर केंद्रीय जलशक्ति मंत्री सीआर पाटिल सहित अन्य केंद्रीय मंत्रियों के साथ सिंधु जल संधि पर मीटिंग हुई। विदेश मंत्रालय ने लगातार दूसरे दिन विदेशी राजनयिकों को पहलगाम हमले के बारे में जानकारी दी। सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने कश्मीर दौरा किया और हमले के बाद हालात का जायजा लिया। राहुल गांधी भी घायलों से मिले। पाटिल ने कहा- सिंधु जल संधि पर सरकार शॉर्ट टर्म, मिड टर्म और लॉन्ग टर्म उपायों पर काम कर रही है, ताकि पानी की एक बूंद भी पाकिस्तान न जाए। जल्द ही नदियों से गाद निकालने का काम किया जाएगा, ताकि पानी रोका सके। ईरान ने भारत-पाक के बीच मध्यस्थता की पेशकश की। विदेश मंत्री सईद अब्बास अराघची ने कहा- तेहरान इस मुश्किल समय में बेहतर अंडरस्टैंडिंग बनाने के लिए इस्लामाबाद और नई दिल्ली में अपने ऑफिस के इस्तेमाल को तैयार है। अमेरिका बोला- हम भारत के साथ
अमेरिका ने भारत के साथ की बात कही। अमेरिका की नेशनल इंटेलिजेंस एजेंसी की डायरेक्टर तुलसी गबार्ड ने कहा- हम आपके साथ हैं और इस जघन्य हमले के दोषियों को पकड़ने में आपके समर्थन में हैं। उमर बोले- हम कभी सिंधु जल संधि के पक्ष में नहीं थे
जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने श्रीनगर में कहा- पहलगाम हमले पर भारत सरकार ने कुछ कदम उठाए। जहां तक जम्मू-कश्मीर का सवाल है, हम कभी भी सिंधु जल समझौते के पक्ष में नहीं रहे हैं। हमारा हमेशा से मानना रहा है कि सिंधु जल संधि जम्मू-कश्मीर के लोगों के लिए सबसे गलत डॉक्यूमेंट है। इधर, जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने 28 अप्रैल को विधानसभा के विशेष सत्र के लिए समन जारी किया है। इसमें पहलगाम हमले और उसके बाद के हालात पर चर्चा होगी। वहीं, जीएमसी जम्मू ने कर्मचारियों से सीमा तनाव के इमरजेंसी के लिए तैयार करने निर्देश दिया। अस्पतालों में दवाइयां, मेडिकल इक्विपमेंट रेडी रखने का कहा है। जिससे इमरजेंसी होने पर परेशानी न हो। छुट्टियों पर रोक की बात भी कही। माचल राजभवन से पाकिस्तान का झंडा हटाया गया हिमाचल प्रदेश के राजभवन में शिमला समझौते की ऐतिहासिक टेबल पर रखा पाकिस्तानी झंडा (टेबल फ्लैग) हटा दिया गया है। यह झंडा 53 साल से लगा था। जम्मू कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद इसकी तस्वीरें सामने आई हैं। हमले के बाद पाकिस्तान ने भी शिमला समझौते को रद्द करने की घोषणा की है। राजभवन के सेक्रेटरी सीपी वर्मा ने बताया, “इसे हटाने के पीछे कोई वजह नहीं है।” पूरी खबर पढ़ें… आतंकी की बहन बोली- हमें बेवजह सजा मिल रही पहलगाम हमले में शामिल बताए जा रहे आतंकी की बहन ने सुरक्षाबलों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। युवती ने कहा- मेरा एक भाई जेल में है और दूसरा मुजाहिदीन है। मेरी दो बहनें भी हैं। जब मैं ससुराल से अपने घर आई, तो माता-पिता और भाई-बहन घर पर नहीं थे। मुझे बताया गया कि पुलिस उन्हें ले गई है। तभी सुरक्षाबल आए और मुझे पड़ोसी के घर भेज दिया। मैंने देखा कि एक जवान ने वर्दी में हमारे घर की छत पर बम जैसी चीज रखी और फिर घर गिरा दिया गया। हम पूरी तरह बेगुनाह हैं। हमें बेवजह सजा मिल रही है। सिब्बल बोले- PM संसद का विशेष सत्र बुलाएं कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने कहा कि पाकिस्तान से व्यापार करने वाले सभी बड़े देशों से भारत कह दे कि हमारे बाजार में न आएं। संयुक्त राष्ट्र को भी दबाव बनाना चाहिए। सुरक्षा समिति में भी रिजोल्यूशन पास होना चाहिए। हमें यह देखना होगा कि चीन का कदम क्या होता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संसद का विशेष सत्र बुलाएं और इस पर सभी से सुझाव लेने चाहिए और चर्चा करनी चाहिए। पाकिस्तान ने LoC पर फायरिंग की पाकिस्तानी सेना ने शुक्रवार सुबह लाइन ऑफ कंट्रोल (LoC) के कुछ इलाकों में हल्के हथियारों से फायरिंग की। भारतीय सेना ने तुरंत और मजबूती से इसका जवाब दिया। सेना के अधिकारियों ने बताया कि इस घटना में कोई जान-माल का नुकसान नहीं हुआ है। फिलहाल यह पता लगाया जा रहा है कि फायरिंग किन इलाकों में हुई और इसका मकसद क्या था। भारतीय सेना ने कहा कि वह पूरी तरह सतर्क है और पाकिस्तान की किसी भी हरकत का जवाब देने के लिए तैयार है। भारत के पाकिस्तान के खिलाफ लिए फैसले पाकिस्तान के भारत के खिलाफ लिए फैसले जम्मू-कश्मीर में हमला कहां हुआ, ग्राफिक्स से समझें आतंकवादियों के पास थीं M4 और AK-47 राइफल पहलगाम आतंकी हमले की शुरुआती जांच में सामने आया है कि चार आतंकी सेना जैसी वर्दी (कैमोफ्लाज ड्रेस) पहनकर बैसरन घाटी पहुंचे थे। उनके पास अमेरिकी M4 कार्बाइन राइफल और AK-47 जैसे खतरनाक हथियार थे।घटनास्थल से चलाए गए 50 से 70 कारतूस भी बरामद हुए। पीड़ितों और चश्मदीदों के बयान के मुताबिक, आतंकियों ने सबसे पहले पर्यटकों को बंदूक दिखाकर रोक लिया। उन्होंने महिलाओं और बच्चों को अलग हटने को कहा। फिर लोगों से पहचान पूछकर पास से गोली मारी और बाद में अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी थी। पहलगाम आतंकी हमले में 26 लोगों की जान गई


